लॉकडाउन के बाद धार्मिक स्थानों को खोलने की सशर्त अनुमति दे दी गई है, लेकिन यहां आने वाले लोग कोरोना से बचाव के उपायों पर ध्यान नहीं दे रहे हैं। ऐसा ही मामला शाहदरा के हनुमान मंदिर में सामने आया। रविवार को मंदिर के महंत और उनके शिष्यों ने भजन-कीर्तन के लिए महिलाओं की भीड़ जुटा रखी थी। सभी महिलाएं मास्क और बिना सोशल डिस्टेंसिंग के एक-दूसरे के नजदीक बैठी हुई थीं।
सूचना मिलने के बाद पुलिस की टीम मंदिर पहुंचीं, तो पुलिस को देखते ही महिलाएं अपने-अपने घर चली गईं। पुलिस ने मंदिर के महंत रामानंद रमते योगी और उनके शिष्यों स्वामी जगदीश व निरंजन झा के खिलाफ सरकारी आदेश व महामारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया।
पुलिस के मुताबिक, शाहदरा के बाबरपुर मेन रोड पर हनुमान मंदिर है। रविवार दोपहर करीब तीन बजे किसी ने पुलिस को सूचना दी कि मंदिर में महिलाओं की भीड़ जुटी है। सभी मास्क व बिना सोशल डिस्टेंसिंग के बैठी हुई हैं। सूचना मिलने पर शाहदरा थाने से एक टीम मंदिर भेजी गई। पुलिस ने महंत व उनके शिष्यों से बिना मास्क व बिना सोशल डिस्टेंसिंग के भीड़ इकट्ठा करने का कारण पूछा, तो वह संतोषजनक उत्तर नहीं दे पाए।
कोरोना महामारी के बीच क्लब अब तक नहीं खुले हैं। इसके बावजूद कुछ क्लब मालिक पुलिस से छिपकर पार्टी का आयोजन कर रहे हैं। पश्चिम विहार (पूर्व) में रविवार रात पुलिस ने एक क्लब में हुक्का-शराब पार्टी के दौरान छापा मारा और क्लब मालिक समेत 41 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इसमें 15 युवतियां भी हैं।
रविवार रात जब पश्चिम विहार पूर्वी थाने की पुलिस गश्त पर थी, तो उन्हें एक कांप्लेक्स से तेज संगीत सुनाई दिया। पता चला कि एक क्लब में पार्टी चल रही है। पुलिस के छापा मारते ही वहां अफरातफरी मच गई। लोग भागने लगे, लेकिन पुलिस ने क्लब मालिक समेत पार्टी में शामिल 41 लोगों को दबोच लिया। क्लब का मालिक तन्वय सिंघल खुद इन लोगों को शराब परोस रहा था। क्लब से शराब और हुक्का जब्त कर लिया गया।
पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली। सभी पर लॉकडाउन के नियम तोड़ने का आरोप है। गौरतलब है कि इसी इलाके में हफ्ते भर में यह दूसरी कार्रवाई है। पिछली बार सात महिलाओं समेत कुल 31 लोग गिरफ्तार किए गए थे।