राजधानी के 22 सरकारी स्कूलों में चलेगा कार्यक्रम
कॅरियर विकल्प चुनने, रुचि के अनुरूप पाठ्यक्रमों का चयन करने में बनाया जाएगा सक्षम
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली के सरकारी स्कूलों की बारहवीं कक्षा के छात्रों को कॅरियर विकल्प चुनने में कॅरियर शाला मदद करेगी। शिक्षा निदेशालय ने 22 स्कूलों में निजी संस्थानों अलोहोमोरा एजुकेशन फाउंडेशन और इनक्लूशन इकोनॉमिक्स इंडिया सेंटर को कॅरियर शाला प्रोग्राम चलाने की मंजूरी दी है। पायलट प्रोजेक्ट के रूप में बीते साल इसे जनकपुरी के दो स्कूलों में शुरू किया गया था। इसकी सफलता के बाद इसे 22 स्कूलों में शुरू किया गया है।
दिल्ली के 22 सरकारी स्कूलों में 20 अप्रैल से 31 अक्तूबर तक कॅरियर शाला चलेगी। इसमें छात्रों को कॅरियर विकल्प चुनने और उनकी क्षमता और रुचि के अनुरूप पाठ्यक्रमों का चयन करने में सक्षम बनाया जाएगा। इस प्रोग्राम के तहत छात्रों को पांच चरणों (सोचना शुरू करो, खुल के सोचो, खुद को पहचानो-खुद को समझो, करो जीत की तैयारी-सफलता के लिए तैयारी करें, अपनी राह चुनो-अपने चुने हुए रास्तों पर बढ़ो) की जानकारी दी जाएगी। कॅरियर शाला कार्यक्रम के तहत सप्ताह में एक-एक घंटे के दो सत्र होंगे। निदेशालय का कहना है कि यह पांच चरण छात्रों को अपनी रुचियों और कौशल के अनुरूप विषय व कॅरियर का चुनाव करने के लिए प्रेरित करते हैं। निदेशालय ने स्पष्ट किया है कि इस दौरान स्कूलों का कामकाज बाधित नहीं होना चाहिए। इस प्रोग्राम में हिस्सा लेने वाले छात्रोंं की तस्वीर, चित्र व वीडियो को लिखित अनुमति के बिना सोशल मीडिया पर अपलोड नहीं किया जाएगा। दरअसल, निजी स्कूलों में छात्रों की सहायता के लिए काउंसलर उपलब्ध होते हैं, लेकिन सरकारी स्कूलों में छात्र इस सुविधा से वंचित रह जाते हैं। ऐसे में उन्हें कॅरियर की सही राह चुनने में सुविधा होगी।