सामाजिक कार्यकर्ता योगेंद्र यादव, वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण और शिक्षाविद अतुल सूद भी प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा थे। अभिनेता प्रकाश राज और शबाना आज़मी ने भी छात्रों से मुलाकात की। छात्रों से अनशन खत्म करने की अपील करते हुए योगेंद्र यादव ने कहा कि यह भूख हड़ताल को तोड़ना नहीं है। उन्होंने इसे संघर्ष के इस तरीके का समापन बताया।
प्रतिनिधिमंडल की अपील और आश्वासन
मनोज झा ने कहा कि छात्रों ने सरकार को हर मोर्चे पर बेनकाब करके कुछ बहुत बड़ा हासिल किया है। शबाना आज़मी ने कहा कि एक पीढ़ी के तौर पर हम अपनी 'जेन ज़ेड' का भला करने में नाकाम रहे। उन्होंने छात्रों को आगे का रास्ता दिखाने के लिए धन्यवाद दिया। राजाराम सिंह ने छात्रों से कहा कि आज से लोकतंत्र के सदन में भी उनका संघर्ष गूंजेगा। उन्होंने पूरे विपक्ष को लड़ने का रास्ता दिखाया है।