दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने मादक द्रव्य बेचने वाले एक दंपती समेत तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है। बवाना के जेजे कालोनी में सक्रिय तीनों आरोपियों के पास से 520 ग्राम हेरोइन और 1.92 लाख रुपये मिले हैं। बरामद हेरोइन की कीमत करीब 75 लाख रुपये आंकी गई है।
पुलिस उपायुक्त चिन्मय बिस्वाल ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मोहम्मद तबरेज, उसकी पत्नी मोशिमा और मोहम्मद बिलाल के रूप में हुई है। 23 मई को निरीक्षक राम मनोहर के नेतृत्व में पुलिस टीम ने बवाना इलाके से मोशिमा और बिलाल को गिरफ्तार किया। इनके निशानदेही पर पुलिस ने अगले ही दिन तबरेज को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में तबरेज ने बताया कि वह मूलत: दरभंगा बिहार का रहने वाला है। दिल्ली आने के बाद वर्ष 1993 में वह जेजे कालोनी बवाना में फल बेचने लगा। इस दौरान वह ड्रग्स का सेवन करने लगा। फिर पैसे की लालच में ड्रग्स बेचने लगा। इस दौरान उसपर मादक द्रव्य अधिनियम सहित, हत्या का प्रयास समेत 17 मामले दर्ज हुए।
वर्ष 2015 में उसे नारकोटिक्स सेल ने गिरफ्तार किया था। दो साल जेल में रहने के बाद वह बाहर निकलकर फिर से ड्रग्स का धंधा करने लगा। उसने जेल से बाहर आने के बाद रेडीमेड कपड़े की दुकान खोला और पत्नी के साथ मिलकर ड्रग भी बेचने लगा। मोशिमा एक पुडिय़ा को तीन सौ रुपये में बेचती थी।
बिलाल ने बताया कि वह दरभंगा बिहार का रहने वाला है। वह नोएडा स्थित एक कंपनी में काम करता था। लेकिन जल्द पैसा कमाने के लिए मोशिमा के साथ काम करने लगा। वह एक दिन में वह 80 से सौ पुडिय़ा बेचता है, जिसके एवज में उसे 12 सौ रुपये प्रतिदिन मिलते हैं। पुलिस धंधे से जुड़े अन्य लोगों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी में जुटी है।