नई दिल्ली। दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने गुरु तेग बहादुर साहिब के 350वें शहीदी दिवस को समर्पित गुरमत समागमों की शुरुआत गुरुद्वारा शीशगंज साहिब से की। कमेटी के अध्यक्ष हरमीत सिंह कालका, महासचिव जगदीप सिंह काहलों और धर्म प्रचार कमेटी के चेयरमैन जसप्रीत सिंह करमसर ने बताया कि इस ऐतिहासिक अवसर पर दिल्लीभर में 57 विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि इन समागमों का आयोजन विभिन्न गुरुद्वारों, सिंह सभाओं और प्रबंधक समितियों के सहयोग से किया जाएगा। कार्यक्रमों की शुरुआत 15 अप्रैल को भाई लखी शाह वंजारा हॉल से सहज पाठों की शृंखला से हुई थी, जिनके भोग 23 से 25 नवंबर तक लाल किले में डाले जाएंगे। ये वहीं स्थान है जहां से गुरु साहिब की शहादत का हुक्म सुनाया गया था।
संगत को संबोधित करते हुए कालका ने गुरु तेग बहादुर साहिब के बलिदान को धर्म, मानवता और सत्य के लिए सबसे बड़ा उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि सिख समुदाय ने देश की आजादी और सीमाओं की रक्षा में सबसे अधिक योगदान दिया है। कमेटी ने संगत से आह्वान किया कि वे इन कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर भाग ले और गुरु साहिब की शहादत का संदेश हर घर तक पहुंचाएं। ब्यूरो