आप पर बिफरे पंजाब के पूर्व नेता प्रतिपक्ष फुलका
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील और आम आदमी पार्टी (आप) के पंजाब से पूर्व विधायक व पूर्व नेता प्रतिपक्ष एचएस फुलका आप नेतृत्व व दिल्ली सरकार के मंत्री सत्येंद्र जैन पर बृहस्पतिवार सुबह बिफर पड़े। फुलका ने सत्येंद्र जैन के एक बयान को शर्मनाक बताया।
बृहस्पतिवार को फुलका ने ट्विटर पर लिखा कि सत्येंद्र जैन ने लुधियाना में उन्हें स्वार्थी बताते हुए भाजपा से डील करने का आरोप लगाया था। एक मंत्री का इस तरह का बयान शर्मनाक है। हालांकि, बाद में सत्येंद्र जैन ने सफाई दी कि वह फुलका का वह सम्मान करते हैं। उन्होंने उनके खिलाफ कभी कुछ नहीं कहा है।
इससे पहले सुबह फुलका ने ट्वीट किया कि सत्येद्र जैन ने उन्हें स्वार्थी बताते हुए भाजपा से डील करने का आरोप लगाया है। इस तरह का बयान शर्मनाक है। इस चुनाव में आप ने 1984 के सिख नरसंहार के मुद्दे को डंप कर दिया है, जबकि 2014 के लोक सभा चुनाव में आप ने इस मसले को जोर-शोर से उठाया था। यही वजह रही कि उस चुनाव में आप को पंजाब से 4 सीटें मिली थीं। अब आप इस मुद्दे पर बात नहीं कर रही है।
फुलका ने आगे लिखा कि उन्होंने जो कुछ भी राजीव गांधी के खिलाफ बोला है, वही पिछले चुनाव में भी बोला था। अगर तब वह सही थे तो अब स्वार्थी कैसे हो गए? उन्होंने कहा कि सज्जन कुमार केस को लड़ने के लिए उन्होंने पंजाब के नेता विपक्ष का पद छोड़ा था। 1984 के पीड़ितों को इंसाफ दिलाना मिशन है। हर चुनाव में 84 के मुद्दे को राष्ट्रीय मुद्दा बनाना इसी रणनीति का हिस्सा है। उन्होंने दावा किया कि वह राष्ट्र को 84 का मुद्दा भूलने नहीं देंगे। साथ ही सफाई भी दी कि उन्होंने राजनीति छोड़ दी है। इन चुनावों में बिल्कुल भी हिस्सा नहीं लिया है।
फुलका ने लिखा कि अपना अपराध ढकने के लिए आप उन पर आरोप लगा रही है। हालांकि, यह ट्वीट बाद में फुलका की टाइमलाइन पर दिखना बंद हो गया था।
उधर, दोपहर बाद सत्येंद्र जैन ने सफाई दी कि 1984 सिख दंगों को लेकर एचएस फुलका का समर्पण बेमिसाल है। इसके लिए सम्मान की बात करते हुए जैन ने कहा कि उन्होंने न तो कभी फुलका के खिलाफ कुछ कहा है और न ही वह उनके खिलाफ भविष्य में ही कुछ कहेंगे।