केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की ओर से शनिवार को 10वीं का गणित का पेपर आयोजित हुआ। जिन छात्रों ने पेपर में बेसिक स्तर को चुना था उनके चेहरे खिले दिखे वहीं, स्टैंडर्ड स्तर चुनने वाले छात्रों के चेहरे पर तनाव दिखा। हालांकि, अधिकांश छात्रों ने पेपर को आसान बताया। अब अगला पेपर कंप्यूटर एप्लिकेशन का आठ दिसंबर को आयोजित होगा।
नई दिल्ली इलाके में केंद्रीय विद्यालय में सुबह साढ़े 11 बजे से लेकर दोपहर एक बजे तक पेपर का आयोजन हुआ। पेपर देकर केंद्र से लौटे छात्रों ने बताया कि गणित का बेसिक स्तर का पेपर आसान था, जबकि स्टैंडर्ड पेपर के एक-दो सवालों ने छात्रों को उलझाया। छात्रों ने बताया कि दोनों पेपर में ही एनसीईआरटी के सवाल पूछे गए थे। जिन छात्रों ने सैंपल पेपर का अभ्यास किया था, उन्हें पेपर करने में आसानी हुई। स्टैंडर्ड पेपर देने वाली छात्रा नेहा ने बताया कि समीकरण व दूरी और समय के सवालों का स्तर आसान था जबकि प्रश्न नंबर 17 में पूछा गया सवाल का स्तर थोड़ा कठिन था। सवाल में तीन घड़ियों को लेकर उनके अलग-अलग समय पर अलार्म बजने का समय दिया गया था।
छात्रों से पूछा गया था यदि एक ही समय पर पहली बार 12 बजे अलार्म बजता है तो दूसरी बार एक साथ कितने बजे अलार्म बजेगा। हालांकि, संभावित खंड से पूछे गए सवालों का स्तर आसान रहा। एक अन्य छात्र अमन ने बताया कि बेसिक स्तर के पेपर में सेक्शन ख में 20 सवाल दिए गए थे, जिसमें से 16 प्रश्नों को जवाब देना था। सवालों के सही जवाब के लिए एक नंबर का निर्धारण था। ऐसे में इस तरह के सवालों को करनी में आसानी हुई व सवाल भी जल्दी हो गए। पेपर देने से पहले सैंपल पेपर का अभ्यास किया था। छात्र ने बताया कि एक प्रश्न का स्तर इतना सरल था कि 50 और 20 के एचसीएफ और एलसीएम को गुणा करने के लिए कहा गया था।
पेपर की जिस तरह से तैयारी की थी, उसके अनुरूप सवालों का स्तर आसान रहा। उम्मीद के हिसाब से पेपर अच्छा गया है। कुछ सवालों को सीधा एनसीईआरटी की किताब से उठाकर रख दिया गया था।
-कुंदन मीणा, छात्र
-बेसिस पेपर का स्तर बहुत आसान रहा। पेपर देने से पहले थोड़ा तनाव था, लेकिन पेपर देखने पर सारा तनाव हल्का हो गया। सभी सवालों को कम समय में अच्छे से किया है।
-अमन, छात्र
-स्डैंटर्ड पेपर में कुछ सवालों ने उलझाया, लेकिन बाकी सभी खंडों से पूछा गए सवालों का स्तर आसान था। सैंपल पेपर से अभ्यास किया था तो पेपर करने में ज्यादा मुश्किल नहीं हुई।
-नेहा, छात्रा
-पेपर के लिए काफी तैयारी की थी। पेपर हाथ में आने से पहले ज्यामिति(जिमेट्री) के सवालों को लेकर तनाव था, लेकिन इस खंड से भी आसान सवाल पूछे गए थे।
-श्रेया, छात्रा
-सैंपल पेपर और एनसीईआरटी पढ़कर पेपर के लिए तैयारी की थी। बोर्ड की ओर से बहुत आसान पेपर बनाया गया है। सभी सवालों को कम समय में ही हल कर लिया था। एक अंक वाले प्रश्नों को करने में अधिक आसानी हुई।
-पीयूष, छात्र