- पीजीडीएवी कॉलेज और लॉ सेंटर के विद्यार्थियों ने देखा 1912 का ऐतिहासिक परिसर, समझी विधायी प्रक्रिया
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली विधानसभा में सोमवार को जेन-जी ने किताबों में पढ़े लोकतंत्र को करीब से समझा। पीजीडीएवी कॉलेज और दिल्ली विश्वविद्यालय के लॉ सेंटर-1 के विद्यार्थियों ने युवा संपर्क कार्यक्रम के तहत विधानसभा परिसर का दौरा किया। छात्रों ने विधानसभा के इतिहास से लेकर कानून बनने और सदन में पारित होने तक की प्रक्रिया जानी।
विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए कहा कि लोकतंत्र तभी मजबूत होता है, जब युवा केवल किताबों तक सीमित न रहें, बल्कि उन संस्थाओं और प्रक्रियाओं को भी प्रत्यक्ष देखें, जो सार्वजनिक नीतियां तय करती हैं। भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को विधानसभा के ऐतिहासिक 1912 परिसर की जानकारी दी गई। उन्हें तत्कालीन केंद्रीय विधान सभा और विट्ठलभाई पटेल से जुड़े इतिहास से लेकर 1993 के बाद दिल्ली विधानसभा की आधुनिक भूमिका तक के बारे में बताया गया। छात्रों ने उस विरासत को करीब से देखा, जिसने दिल्ली की विधायी व्यवस्था के विकास में अहम भूमिका निभाई।
कानून कैसे बनता है, सदन में समझा
कार्यक्रम में विद्यार्थियों के लिए विधायी प्रक्रिया पर विशेष सत्र आयोजित किया गया। इसमें उन्हें बताया गया कि किसी कानून का प्रस्ताव किस तरह तैयार होता है और उसे सदन में किस प्रक्रिया से पारित किया जाता है। कानून और मानविकी के विद्यार्थियों के लिए यह सत्र उनके पाठ्यक्रम के व्यावहारिक पक्ष को समझने का मौका बना। विद्यार्थियों को दिल्ली विधानसभा के इतिहास से जुड़ी डॉक्यूमेंट्री दिखाई गई। उन्हें स्मारक पुस्तक ‘एक शताब्दी यात्रा’ भी भेंट की गई। इसके बाद छात्रों ने मुख्य विधानसभा सदन का भ्रमण किया और स्थानीय शासन के संचालन की प्रक्रिया को समझा।