यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) की भूखंडों की योजना के लिए 2 नवंबर को होने वाला ड्रॉ निष्पक्ष और पारदर्शी हो इसलिए प्राधिकरण की ओर से रिटायर्ड जज और आईएएस अधिकारियों की कमेटी बनाई गई है।
इसमें ऑब्जर्वर के रूप में एडीएम या सिटी मजिस्ट्रेट को रखा जाएगा। कमेटी के सदस्यों का नाम फाइनल हो गया है। यमुना प्राधिकरण में अगस्त माह में 120 वर्गमीटर और 162 वर्गमीटर भूखंडों की योजना निकाली गई थी।
नवंबर माह में इन भूखंडों का ड्रॉ निर्धारित किया गया था। हालांकि, यमुना प्राधिकरण में इन दिनों सीईओ का स्थानांतरण हो जाने से यह पद खाली है। फिर भी प्राधिकरण की ओर से 2 नवंबर को ही ड्रॉ कराने की योजना है। निष्पक्ष और पारदर्शी ड्रॉ के लिए समिति गठित कर दी गई है।
जिसमें रिटायर्ड जिला जज जेपी गुप्ता, रिटायर्ड जिला जज आरके तिवारी और रिटायर्ड आईएएस अधिकारी मंजीत सिंह की देखरेख में ड्रा कराया जाएगा। इस दौरान गौतमबुद्धनगर के एडीएम/सिटी मजिस्ट्रेट ऑब्जर्वर के रूप में मौजूद रहेंगे।
इसके अलावा एसीईओ, डीसीईओ, जीएम प्लानिंग, जीएम प्रोजेक्ट, जीएम फाइनेंस और दो ओएसडी ड्रा का कार्य देखेंगे। 2 नवंबर को सुबह 10:30 बजे सेक्टर-पी-थ्री के कम्युनिटी सेंटर में योजना का ड्रा निकाला जाएगा।