उत्तर प्रदेश के मथुरा में आवासीय इलाकों में अवैध तरीके से चल रही पिकलिंग और साड़ी उद्योग के खिलाफ एनजीटी में याचिका दायर की गई है।
आरोप लगाया गया है कि इन औद्योगिक इकाइयों के जरिये ट्रिपेजियम जोन (टीटीजेड) के नियमों को ताख पर रखकर औद्योगिक अपशिष्ट यमुना नदी में गिराया जा रहा है। याची के मुताबिक, करीब 42 औद्योगिक इकाइयों के जरिये किसी भी प्राधिकरण से संचालन के लिए अनुमति भी नहीं हासिल की गई है।
उधर, जस्टिस स्वतंत्र कुमार की अध्यक्षता वाली पीठ ने सोमवार को मामले की सुनवाई की। याचिका पर्यावरणविद गोपेश्वर नाथ चतुर्वेदी की ओर से दाखिल की है।