यदि आप किसी शारीरिक बीमारी से परेशान हैं तो हो संभव है कि आप मानसिक रोग से पीड़ित हों। देश-विदेश में हुए अलग-अलग अध्ययनों में यह सामने आया है कि शारीरिक बीमारी से पीड़ित करीब एक तिहाई मरीज मानसिक रोग से भी पीड़ित है लेकिन ऐसे मरीजों की पहचान नहीं हो पाती।
लिहाजा वे बिना इलाज के रह जाते हैं। यही कारण है कि देश की एक बड़ी आबादी किसी न किसी तरह के मानसिक रोग से पीड़ित है और ऐसे मरीजों की संख्या में लगातार वृद्धि भी हो रही है।
मानसिक स्वास्थ्य एक बड़ी समस्या बनती जा रही है और इसकी वजह से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता में भी कमी आती जा रही है। मानसिक स्वास्थ्य से पीड़ित व्यक्ति कई दूसरी बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं।
हृदय संबंधी बीमारी और रिमोट्यॉड ऑर्थराइटिस के मरीजों के लिए मानसिक रोग और भी घातक होता है। मानसिक रूप से बीमार लोग इन्फर्टिलिटी से भी पीड़ित होते हैं।