डीयू में राष्ट्रवाद और आजादी पर छिड़ी जंग और सोशल मीडिया पर गुरमेहर के एबीवीपी पर सवाल उठाने के बाद डीयू की ही छात्रा व एबीवीपी कार्यकर्ता प्रेरणा भारद्वाज ने फेसबुक पर पोस्ट शेयर की है। प्रेरणा ने लिखा है कि फौजी बनकर देशसेवा करना चाहती थी लेकिन गुंडा बनाकर रख दिया।
परिजन भी डरे पर पापा के साथ ने हौंसला दिया है। प्रेरणा भारद्वाज ने अपने फेसबुक पेज पर लिखा है कि मैं किरोड़ीमल कॉलेज में पढने वाली एनसीसी की कैडेट हैं और पढ़ाई पूरी करके फौज में जाना चाहती हूं।
हालांकि कुछ तस्वीरों के आधार पर उन्हें गुंडा करार दिया है। बिना ये जानने की कोशिश किए कि रामजस कॉलेज में उस दिन क्या हुआ था और हमलावर कौन था। प्रेरणा लिखती हैं कि कैसे जेएनयू से आए कुछ लड़कों ने हंगामें का फायदा उठाते हुए उनके साथ बदसलूकी और कपड़े फाड़ने की कोशिश की।
आगे लिखती हैं कि मैं घर पहुंचकर बहुत रोई। मैं घंटों तक रोती रही। मेरे कपड़े फटे हुए थे। जब मैं घर पहुंची तो मुझे देखकर मेरी मां डर गई, वो भागते हुए मुझे अंदर लेकर आईं। वो मुझे देर तक चूमते हुए हौसला दिलाती रहीं और साथ-साथ रोती भी रहीं। थोड़ी देर बाद हिम्मत जुटाकर पूछा कि बेटी क्या हुआ? तब तक मेरे पापा भी आ चुके थे। मैंने उन्हें बताया कि कुछ लड़कों ने अभद्र व्यवहार किया।