अरनिया थाना क्षेत्र के गांव क्योली-डाबर के बीच स्थित आम के बाग में पड़े हुए सात गोवंशों के अवशेष देखकर ग्रामीणों का गुस्सा भड़क उठा। सूचना पर एसडीएम, सीओ समेत कई थानों की फोर्स मौके पर पहुंची। पुलिस और प्रशासन के अफसरों ने किसी तरह ग्रामीणों को समझा-बुझाकर मामले को शांत कराया। पुलिस ने जमीन की खुदाई करवाकर गोवंशों के अवशेष को मिट्टी में दबवा दिया। मामले में पुलिस ने अज्ञात में रिपोर्ट दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।
बुधवार सुबह क्षेत्र के गांव क्योली-डाबर के बीच आम के बाग में ग्रामीणों ने सात गोवंशों का अवशेष पड़ा देखा। कुछ दूरी पर चाकू भी पड़ा था। घटना से ग्रामीणों आक्रोशित होकर हंगामा करने लगे। गोवंशों के अवशेष मिलने और हंगामे की सूचना मिलने पर पुलिस-प्रशासन के हाथ पांव फूल गए। मौके पर एसडीएम सदानंद गुप्ता, सीओ गोपाल सिंह समेत अरनिया, कोतवाली नगर, शिकारपुर समेत कई थानों की फोर्स मौके पर पहुंच गई।
सीओ, एसडीएम आदि अधिकारियों ने ग्रामीणों को आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। काफी समझाने-बुझाने के बाद ग्रामीण किसी तरह शांत हुए। पुलिस ने गोवंशों के अवशेष को जमीन के नीचे दबवा दिया। बताया जा रहा है कि गोवंशों के अवशेष जहां मिले हैं, वह आम का बाग अलीगढ़ के थाना चंडौस स्थित गांव भोगपुर निवासी राजेंद्र का है। इस दौरान हिंदू संगठनों के कार्यकर्ता भी पहुंच गए। उन्होंने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
'मामले में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। घटना की जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को चिन्ह्ति कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।'
-गोपाल सिंह, सीओ खुर्जा
'खुर्जा के इस्लामाबाद में हुई गोकशी की घटना में फरार चल रहे आरोपी हिस्ट्री शीटर आरिफ का न पकड़ा जाना पश्चिमी यूपी में लगातार गोकशी का कारण बन रहा है। जल्द से जल्द उसे गिरफ्तार किया जाना चाहिए।'
- प्रवीण भाटी, प्रदेश सह संयोजक बजरंग दल