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यूपी चुनाव: भाजपा के नए ऐलान से 70 पार के कार्यकर्ताओं में हड़कंप

Sun, 08 Jan 2017 05:59 PM IST
एसएस अवस्थी/अमर उजाला/नोएडा
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अ‌म‌ित शाह।
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मतदान की तिथि नजदीक आती जा रही है और दावेदारों की धड़कन तेज होती जा रही हैं। भाजपा और कांग्रेस के दावेदारों को इस बात का डर सता रहा है कि कहीं बाहरी प्रत्याशी मैदान में न उतर जाएं। वहीं, भाजपा ने कह दिया है कि 70 साल से ज्यादा की उम्र वालों को टिकट नहीं मिलेगा।
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सूत्रों का कहना है कि भाजपा 14 जनवरी के बाद ही प्रत्याशी घोषित करेगी। इस संदर्भ में दिल्ली में बैठकों का दौर चल रहा है। नोएडा से 6 लोगों की लिस्ट हाईकमान को भेजी गई है। इसमें वर्तमान में भाजपा विधायक विमला बाथम, मनोज गुप्ता, पूर्व मंत्री नवाब सिंह नागर, संजय बाली, जुगराज चौहान और महेश चौहान शामिल हैं।

इन्हीं में से एक प्रत्याशी का चयन किया जाना है। नोएडा की सीट पर भाजपा दो चुनावों में जीती है इसलिए कुछ बाहरी लोगों की नजर भी इस पर है। इनमें बड़े नेताओं के परिवार से ताल्लुकात रखने वाले नेता भी हैं। 2014 उपचुनाव के वक्त भी केंद्र में एक मंत्री के पुत्र का नाम उछला था।
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ऐन वक्त पर बाजी पलट गई

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यहां पर नामांकन के लिए तैयारी भी शुरू हो गई थी, लेकिन ऐन वक्त पर बाजी पलट गई। अगर दादरी विधानसभा की बात करें तो जो सूची भेजी गई है उसमें प्रमुख रूप से हरिश्चंद्र भाटी, पूर्व मंत्री नवाब सिंह नागर, बिजेंद्र भाटी आदि शामिल हैं। नवाब सिंह का नाम नोएडा और दादरी दोनों विधानसभा के लिए भेजा गया है। रही बात जेवर विधानसभा की तो यहां पर भी किसी बड़े नेता के घर से या फिर कोई दूसरी पार्टी से बाजी मार सकता है।

ऐसा ही कुछ हाल कांग्रेस का भी चल रहा है। टिकट बांटने की सुस्त चाल है। गठबंधन का फैसला होना है। ऐसी स्थिति में जो लोग टिकट मांग रहे हैं, हो सकता है कि कोई दूसरा ही टिकट झपट ले। पिछले कुछ चुनावों में ऐसा ही देखा ही गया है। उदाहरण के रूप में 2014 के लोगसभा चुनाव में गाजियाबाद से रमेश चंद्र तोमर को प्रत्याशी बनाया गया था। वह बीच चुनाव में ही पाला बदलकर भाजपा में शामिल हो गए थे।
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गौतमबुद्ध नगर के सांसद व केंद्रीय मंत्री डॉ. महेश शर्मा ने कहा कि भाजपा में प्रत्याशी चयन के कई पैमाने हैं। उसमें खरा उतरना जरूरी है। इसके लिए संभावित प्रत्याशी के बायोडाटा पर कई कमेटियों के पदाधिकारी मंथन करते हैं। भाजपा जिताऊ प्रत्याशी को ही मौका देती है।
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