फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बीड़ी का बंडल नहीं मिला, तो पत्नी को दे दिया तलाक

Sun, 08 Jan 2017 12:50 AM IST
संजय मग्गू/अमर उजाला/नई दिल्ली
विज्ञापन
file photo - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी को मात्र इस बात पर तलाक दे दिया कि उसे घर आने पर बीड़ी नहीं मिली। चार बच्चों की मां तसलीमा को पति शाहिद ने तीन तलाक कहकर घर से निकाल दिया। पत्नी के साथ जमकर मारपीट भी की। यह घटना गांव ढकलपुर निवासी तसलीमा के साथ घटी। 
विज्ञापन


तसलीमा का निकाह ग्वालदा गांव शाहिद के साथ आठ वर्ष पूर्व हुआ था। वैवाहिक जीवन में तसलीमा ने चार बच्चे अरमान, शरमान, अरबाज व अमन को जन्म दिया। बड़ा बेटा अरमान सात साल का है तो सबसे छोटे अमन की उम्र अभी मात्र दो महीने की ही है। 

तसलीमा ने बताया कि उसका पति 23 दिसंबर की शाम जब घर आया तो उसे बीड़ी का बंडल नहीं मिला। बच्चों से पूछा, तो बच्चों ने कहा कि अम्मी को पता होगा। उसने जब कहा कि घर में बीड़ी नहीं है, तो शौहर को शक हुआ कि पत्नी ने कहीं छिपा दी है।
विज्ञापन

गुस्से में शाहिद ने तीन बार कह द‌िया तलाक-तलाक

file photo - फोटो : अमर उजाला
​इसी से गुस्से में आए शाहिद ने तसलीमा को तीन बार तलाक-तलाक कहकर तलाक दे दिया व घर से निकाल दिया। यही नहीं उसे छोटे बच्चे के साथ ढकलपुर अपने मायके में रहने को विवश कर दिया। मेव मुस्लिम समाज में एक ओर जहां मोबाइल पर तलाक देने की प्रक्रिया को लेकर विवाद बना हुआ है।

वहीं अब तलाक की वजहों को लेकर भी आवाज उठने लगी है। तसलीमा ने कथित तलाक के बाद महिला थाना पुलिस की प्रोटेक्शन अधिकारी सुमन चौधरी के समक्ष प्रार्थना पत्र देकर कहा है कि वह अपने चार बच्चों के साथ उसी घर में रहना चाहती है।
  सुसराल पक्ष से उसे अभी इंसाफ की उम्मीद नहीं लगती। तसलीमा के मामले को प्रोटेक्शन अधिकारी सुमन चौधरी ने अब मजिस्ट्रेट को रेफर कर दिया है तथा तसलीमा को लीगल एड के माध्यम से इंसाफ दिलाने की सिफारिश भी की है।

 
विज्ञापन

तसलीमा की बहन को भी घर से न‌िकाला

ट्रिपल तलाक - फोटो : social media
तसलीमा के साथ उसकी बहन सलीमन को भी सुसराल वालों ने इसी विवाद के चलते घर से निकाल दिया है। सलीमन का निकाह तसलीमा के पति शाहिद के बडे़ भाई इरफान के साथ हुआ था व उसके भी चार बच्चे हैं। लेकिन वह इस बात से खुशकिस्मत जरूर है कि उसे अभी तक पति ने तलाक नहीं दिया है।
दोनों बहनों के भाई इकबाल का कहना है कि मेवात में अब तीन तलाक के कानून का इस तरह खुल कर दुरुपयोग किया जा रहा है जिसे रोका जाना चाहिए।
  मलाई गांव के निवासी हाजी जकारिया का कहना है कि बहन-बेटियों की इज्जत को बनाए रखने के लिए तलाक कानून का दुुरुपयोग रोका जाना चाहिए। उनका कहना है कि तलाक की वजहें भी स्पष्ट होनी चाहिए।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें