राजनाथ सिंह ने आईटीबीपी द्वारा नक्सल विरोधी अभियान, महिला सशक्तीकरण, डिजिटल इंडिया, स्वच्छ भारत अभियान एवं विश्व योग अभियान में सक्रिय भूमिका अदा करने पर प्रशंसा की। गृहमंत्री ने आईटीबीपी के जवानों को जीवन रक्षक पदक सहित 5 पदाधिकारियों को विशिष्ठ सेवा के लिए राष्ट्रपति पदक तथा 23 पदाधिकारियों को सराहनीय सेवा के लिए पुलिस पदक भी प्रदान किए गए। इस मौके पर वार्षिक विषेशांक पुस्तिका का भी विमोचन किया गया।
मयूर अश्व और बघेरा श्वान को पदक से नवाजा
इस अवसर पर विशेष पदक की श्रेणी बीटीसी भानू से मयूर नाम के अश्व और 27वीं वाहिनी एएनओ (छत्तीसगढ़) से बघेरा नाम के श्वान (डॉगी) को नवाजा गया। बताया गया है कि मुधोल हाउंड प्रजाति के बघेरा ने इसी वर्ष छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित क्षेत्र राजनंद में विस्फोट से पहले बारूदी सुरंग का पता लगाकर कई जवानों की जान बचाई थी। वहीं, मयूर अश्व कई स्तर की प्रतियोगिताओं में पहले स्थान पर रहकर पदक जीत चुका है। इसके अलावा 19वीं वाहिनी को सर्वश्रेष्ठ बॉर्डर बटालियन, 26वीं वाहिनी को सर्वश्रेष्ठ नॉन बॉर्डर बटालियन व 40वीं वाहिनी को सर्वश्रेष्ठ एएनओ वाहिनी घोषित कर शील्ड भेंट की गई।
जांबाजों ने किया हैरतअंगेज प्रदर्शन
आईटीबीपी की विभिन्न टुकड़ियों ने हैरतअंगेज प्रदर्शन किया। परेड के बाद मोटरसाइकिलों और हथियारों के साथ साइलेंट वैपन ड्रिल-राइफल मैजिक के प्रदर्शन में शामिल रहे।