यूजीसी-नेट परीक्षा रद्द करने के खिलाफ छात्र संघ एनएसयूआई ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के आवास के बाहर प्रदर्शन किया है। पुलिस ने एनएसयूआई नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया है।
यूजीसी-नेट परीक्षा रद्द करने के खिलाफ छात्र संघ एनएसयूआई ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के आवास के बाहर प्रदर्शन किया है। इस दौरान उन्होंने जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने नीट-यूजी परीक्षा में हुई अनियमितताओं की जांच की भी मांग की। पुलिस ने एनएसयूआई नेताओं और कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया है।
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भारतीय राष्ट्रीय छात्र संघ (एनएसयूआई) के सदस्य अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष वरुण चौधरी के नेतृत्व में प्रधान के आवास के बाहर अन्य छात्रों ने प्रदर्शन किया। नीट और नेट परीक्षा में कथित घोटाले के खिलाफ अपने विरोध को दर्शाने के लिए पांच सौ रुपये के नकली नोट हवा में उछाले। प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (एनटीए) पर प्रतिबंध लगाने और पेपर लीक की कथित घटनाओं की जांच की मांग की।
परीक्षा के एक दिन बाद ही कैंसिल हुआ यूजीसी-नेट का एग्जाम
शिक्षा मंत्रालय ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा आयोजित कराए गई यूजीसी-नेट परीक्षा को रद्द करने का एलान कर दिया। परीक्षा आयोजित होने के एक दिन बाद ही सरकार ने परीक्षा रद्द करने का एलान कर सभी को चौंका दिया। एनटीए द्वारा कराई जाने वाली नीट की मेडिकल एंट्रेस परीक्षा भी सवालों के घेरे में है और फिलहाल सुप्रीम कोर्ट इसकी समीक्षा कर रहा है। अब यूजीसी-नेट की परीक्षा रद्द होने से गंभीर सवाल खड़े हो गए। गौरतलब है कि एनटीए ने इस बार ऑफलाइन तरीके से ओएमआर शीट पर परीक्षा कराई। देशभर में 317 केंद्रों पर 11.21 लाख छात्रों ने परीक्षा दी थी। हालांकि परीक्षा रद्द होने के बाद अब पूरी कवायद फिर से होगी।