जानकारी के मुताबिक, बच्ची अपनी मां निर्मला देवी, पिता अशोक मंडल और छह भाई-बहनों के साथ केला गोदाम शालीमार बाग की झुग्गी में रहती थी। मूलत: बिहार के भागलपुर की रहने वाली उसकी मां आजादपुर सब्जी मंडी में प्याज बेचती है, जबकि पिता मजदूरी करता है।
पुलिस ने शव को कब्जे में लिया
महेंद्र पार्क थाने में दर्ज प्राथमिकी में निर्मला ने बताया कि करीब 3.30 बजे दोपहर को वह अपनी एक साल की सबसे छोटी बेटी को सड़क की ओर सुला कर प्याज बेच रही थी। इस दौरान गेट नंबर-1 की ओर से एक ट्रक चालक लापरवाही से वाहन चलाते हुए आया और अगला बायां पहिया बच्ची के ऊपर चढ़ा दिया। शोर मचाने पर चालक ट्रक छोड़कर वहां से भाग गया। पड़ोसी पल्लेदार कुलदीप की मदद से बच्ची को लेकर वह बाबू जगजीवन राम मेमोरियल अस्पताल गई, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
उत्तर पश्चिम जिला के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त भीष्म सिंह ने बताया कि अस्पताल पहुंचकर पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया है। ट्रक को जब्त करते हुए आरोपी चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने से मौत का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपी चालक की पहचान कर गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है।