-ई-रिक्शा, रेहड़ी-पटरी और लावारिस पशु बने बड़ी समस्या, हादसों का भी खतरा बरकरार
सत्यम सिंह
नई दिल्ली।
पश्चिमी दिल्ली का उत्तम नगर पूर्व इलाका राजधानी का सबसे व्यस्त बाजारों और टर्मिनलों में गिना जाता है, लेकिन यहां लगातार ट्रैफिक जाम की समस्या लोगों के लिए बड़ी समस्या बन चुकी है। दफ्तर जाने के पीक आवर्स में हालात इतने खराब हो जाते हैं कि कुछ किलोमीटर का सफर तय करने में घंटों लग जाते है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़कों पर अनियंत्रित रूप से चल रहे ई-रिक्शा और फुटपाथ व सड़कों पर लगी फल-सब्जियों की रेहड़ियां जाम की बड़ी वजह हैं। सड़कों पर मौजूद लावारिस पशु हालात को और बदतर बना देते हैं। खासकर मेट्रो स्टेशन और टर्मिनल के पास गाड़ियों की लंबी कतार देखने को मिलती है।
लावारिस गाय व अन्य पशु सड़कों के बीचों-बीच बैठ जाते हैं, इससे दुर्घटना का खतरा बना रहता है। स्थानीय निवासियों के अनुसार कुछ लोग सड़कों पर पशुओं को खाना खिलाते हैं, जिससे पशु मुख्य मार्ग पर जमा रहते हैं और ट्रैफिक बाधित हो जाता है।
क्षेत्र के व्यापारियों और यात्रियों का कहना है कि जाम के कारण कारोबार और रोजाना दफ्तर जाना दोनों ही प्रभावित हो रहे हैं। लोगों की स्थानीय प्रशासन से मांग है कि अवैध अतिक्रमण हटाया जाए, ई-रिक्शा से लगने वाले जाम को खत्म करने और आवारा पशुओं को हटाने के लिए जल्द ही ठोस कदम उठाए जाएं ताकि रोजाना होने वाली परेशानी से छुटकारा मिले।
कोट्स
इस मामले पर प्रशासन को कई बार अवगत कराया गया पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। -
अजीत सिंह (स्थानीय दुकानदार)
रोजाना दफ्तर जाते समय जाम में फंस जाते हैं। पशु के सड़कों पर आ जाने के कारण कई बार हादसे हो चुकें हैं। -
हितेश गोयल
(राहगीर)