इस बीच सेक्टर-38 से फिल्म सिटी की ओर किसान पैदल निकले। इसकी वजह से यहां भी जाम की स्थिति बनी। पुलिस ने किसानों को एक्सप्रेसवे पर दलित प्रेरणा स्थल के सामने रोक लिया। इसकी वजह से फिल्म सिटी से एक्सप्रेसवे की ओर का ट्रैफिक फिल्म सिटी फ्लाईओवर के नीचे से डायवर्ट किया गया। एक्सप्रेसवे की ओर जाने वाला ट्रैफिक भी सेक्टर-18 की ओर डायवर्ट कर दिया गया। इससे शहर की अंदरूनी सड़कों पर भी जाम लग गया।
जाम में फंसे स्कूली बच्चे, एंबुलेंस भी फंसी
दोपहर में स्कूल की छुट्टी के बाद बसों से घर के लिए निकले बच्चे जाम में फंस गए। ट्रैफिक पुलिस ने नई एडवाइजरी जारी करते हुए नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे से होकर चिल्ला बॉर्डर, महामाया फ्लाईओवर से होकर जाने वाली स्कूलों बसों से हाजीपुर अंडरपास, सेक्टर–93 अंडरपास होकर जाने की अपील की। कई जगहों पर एंबुलेंस भी फंसी रही। डीएनडी के नीचे और सेक्टर-16 में एंबुलेंस जाम में फंसी रही। काफी देर बाद उसे निकाला जा सका।
शाम सवा छह बजे के बाद खोले गए रास्ते
शाम को आश्वासन के बाद किसानों ने पीछे हटने का फैसला लिया। इसके बाद सभी जगह बैरिकेडिंग खोल दिए गए। जाम इतना था कि यातायात को सामान्य करने में ट्रैफिक कर्मियों को एक घंटे से ज्यादा लग गया। इसके बाद पीक आवर होने के कारण वाहनों का दबाव भी अधिक रहा।
पुलिस कमिश्नर भी जाम में फंसी
शहर में जाम की स्थिति को देखने के लिए निकलीं पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह भी जाम में फंस गईं। महामाया फ्लाईओवर के पास वाहनों की कतार में उनकी गाड़ी भी फंस गई। इसके बाद वह गाड़ी से उतरकर पैदल बढ़ी। महामाया से दलित प्रेरणा स्थल तक वह पैदल चलीं और व्यवस्था संभाल रहे कर्मियों को आवश्यक दिशानिर्देश दिए।
पांच मिनट का सफर ढाई घंटे में
लिंक रोड बंद होने से जाम में फंसे चालकों ने बताया कि पांच मिनट का सफर तय करने में उन्हें ढाई घंटे का समय लग गया है। सुबह दफ्तर जा रहे लोगों को खासी परेशानी हुई। अहम है कि दिल्ली-नोएडा लिंक रोड से रोजाना करीब पांच लाख वाहन निकलते हैं। छह घंटे तक रोड बंद रहने से बड़ी संख्या में चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
सवा छह बजे बैरिकेडिंग खोल दी गई। जाम की स्थिति को नियंत्रित किया गया। लिंक रोड बंद होने से लोगों को असुविधा हुई। लेकिन कई जगहों पर वैकल्पिक रास्तों से वाहनों को निकाला गया। -अनिल कुमार यादव, डीसीपी ट्रैफिक