शनिवार को पंजाब के पठानकोट एयरवेज पर हुए आतंकी हमले और रविवार को दिल्ली-कानपुर ट्रैक को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद खुफिया एजेंसियों ने अलर्ट जारी कर सार्वजनिक स्थानों, रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों की सघन जांच पड़ताल करने के निर्देश जारी किए हैं।
इसे लेकर पूरे एनसीआर में कड़ी चौकसी बरती जा रही है लेकिन यहां जांच के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की जा रही है। खुद तस्वीरें इस बात को बयां कर रही हैं।
रविवार को दिल्ली-कानपुर ट्रैक को उड़ाने की धमकी मिलने के बाद सुरक्षाकर्मियों ने गाजियाबाद में शताब्दी एक्सप्रेस को रोककर उसकी सघन जांच पड़ताल की गई।
इसे देखते हुए जीआरपी और आरपीएफ फरीदाबाद ने भी प्लेटफार्म पर चेकिंग और ट्रेनों की विशेष जांच पड़ताल अभियान चलाया लेकिन तस्वीरें बता रही हैं कि जांच पड़ताल सिर्फ फोटोसेशन तक ही सीमित रहा।
ऐसे में अंदाजा लगाया जा सकता है कि जीआरपी और आरपीएफ सुरक्षा को लेकर कितनी गंभीर है। जीआरपी थाना प्रभारी अरविंद कुमार का कहना है कि ओल्ड, बल्लभगढ़ समेत अन्य स्टेशनों पर आकस्मिक जांच पड़ताल की गई।
जबकि हकीकत यह है कि फोटोसेशन होने के बाद महज दो घंटे में ही सुरक्षाकर्मी निकल लिए। ये हाल तब है जबकि पूरे प्रदेश में हाई अलर्ट घोषित किया गया है। उच्चाधिकारी वीडियोकांफ्रेसिंग के जरिए सुरक्षाकर्मियों को गश्त बढ़ाने और चौकस रहने के निर्देश दे चुके हैं।