दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने अवैध हथियार बनाने व सप्लाई करने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। इसके कब्जे से 21 देशी पिस्टल बरामद की गई हैं।
बताया जा रहा है कि इन अवैध हथियारों का इस्तेमाल यूपी चुनावों में होने वाला था। गिरफ्तार आरोपी खुद हथियार बनाता था और मेरठ के रिफाकत नाम के आर्म्स डीलर को बेचता था। अवैध हथियार ऑन डिमांड बनाए जाते थे।
स्पेशल सेल पुलिस उपायुक्त प्रमोद कुशवाह के अनुसार सेल को सूचना मिली थी कि मेरठ के सप्लायर व अवैध हथियार बनाने वाले यूपी व दिल्ली-एनसीआर में अवैध हथियार सप्लाई कर रहे हैं।
ज्यादातर पिस्टल पर मेड इन इंग्लैंड लिखा हुआ हैं
पिस्टल के साथ पकड़ा गया आरोपी।
- फोटो : अमर उजाला
सूचना के बाद इंस्पेक्टर सतेन्द्र मोहन की विशेष टीम बनाई गई। इस पुलिस टीम को 19 फरवरी को फिर सूचना मिली थी कि मो.अरशद अवैध हथियारों की खेप देने सीलमपुर, दिल्ली में आएगा।
पुलिस टीम ने यहां घेराबंदी कर गली नंबर-एक, बिलाल मजिस्द के पास, खुशाल कॉलोनी, मेरठ यूपी निवासी मो. अरशद (38) को गिरफ्तार कर लिया। इनके कब्जे से कुल 21 पिस्टल बरामद की गई हैं।
इनमें पांच मैगजीन के साथ 7.65 एमएम की पांच अर्द्ध स्वचालित देशी पिस्टल, .315 बोर की 14 देशी कट्टे और 7.65 बोर केदो देशी कट्टे बरामद किए गए। ज्यादातर पिस्टल पर मेड इन इंग्लैंड लिखा हुआ हैं।
वह अवैध हथियार खुद बनाता था
पिस्टल के साथ पकड़ा गया मो.अरशद।
- फोटो : अमर उजाला
मो. अरशद ने बताया कि ये हथियार यूपी में हो रहे चुनावों के लिए भेजे जा रहे थे। हथियार सीलमपुर में रिफाकत को देने थे। मो. अरशद ने बताया कि वह अवैध हथियार खुद बनाता था।
देशी निर्मित अर्द्ध स्वाचालित पिस्टल मुजफ्फरनगर के छोटू से खरीदता था। वह पहले भी दिल्ली-एनसीआर व यूपी में अवैध हथियार सप्लाई कर चुका है। मो. अरशद करीब ढाई वर्ष पहले गांव जय मवाना, मेरठ यूपी निवासी लाल मोहम्मद के संपर्क में आया।
उसने लाल मोहम्मद से अवैध हथियार बनाना सीखा था। इसके बाद वह दूसरे आम्र्स सप्लायर छोटू के संपर्कमें आया।