सत्ता और सरकार को बचाने के लिए कई मुख्यमंत्री अपने कार्यकाल में नोएडा आए ही नहीं। इस बार पांच ऐसी वजह है जिनको आगे कर नोएडा विधायक पंकज सिंह उन्हें नोएडा लाएंगे और इस मिथक को तोड़ेंगे।
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अखिलेश यादव ने पांच साल में एक बार भी नोएडा आने की नहीं सोची
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YOGI ADITYANATH
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यूपी में सत्ता में रहते हुए कोई भी सीएम नहीं आया और जो आया उसकी अगली बार सरकार नहीं बनी है। इसी मिथ्या के चलते सीएम अखिलेश यादव अपने पूरे कार्यकाल में एक बार भी नोएडा नहीं आए हैं।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नोएडा में दो बार आकर इस मिथ्या को तोड़ दिया है
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योगी आदित्यनाथ
मगर इस बार नोएडा विधायक पंकज सिंह इस मिथक तोड़ने के लिए मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी को नोएडा लाएंगे। यह बात रविवार को विधायक पंकज सिंह ने अमर उजाला संवादाता से फोन पर हुई वार्ता में कही।
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पंकज सिंह ने कहा कि पहला तो नोएडा प्रदेश का सबसे अहम जिला है और रेवन्यू देने में भी सबसे बड़ा स्थान रखता है। नोएडा के राजस्व से प्रदेश के अन्य हिस्सों का विकास होता है। ऐसे जिले में प्रदेश का मुख्यमंत्री न आए इससे बड़ा अभिशाप और क्या हो सकता है।
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दूसरा, मुख्यमंत्री रहते हुए अखिलेश यादव ने पांच साल में एक बार भी नोएडा आने की नहीं सोची। जबकि वह बराबर के जिले गाजियाबाद और बुलंदशहर में कई बार आ चुके हैं।
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उन्होंने कहा कि वह इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से वार्ता करेंगे और मिथक तोड़ने के लिए नोएडा में बुलाएंगे। जिससे आधुनिकता के इस युग में इस तरह की मिथ्या को तोड़ा जा सकें।
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तीसरा उन्होंने कहा कि वैसे तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नोएडा में दो बार आकर इस मिथ्या को तोड़ दिया है। कहा कि हम कैसे खुद को आधुनिक कह दें अगर हमारा मुख्यमंत्री ही ऐसी बातों पर विश्वास करेगा।
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चौथा, पुलिस-प्रशासनिक और प्राधिकरण के अफसरों के तबादले के बारे में पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए कहा कि यह मुख्यमंत्री का अधिकार क्षेत्र हैं।
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उनको प्रदेश में विकास करना है और कहां अफसर बदलने हैं और किसको कहां तैनात कराना है यह निर्णय सीएम के पास ही है।
पांचवा, जिले में तीनों विधायकों में से किसी को भी मंत्रीमंडल में शामिल न करने के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि यह अधिकार पार्टी के शीर्ष नेताओं और मुख्यमंत्री का होता है। वह अपने-अपने क्षेत्र में विकास कराने के लिए चुने गए हैं और मंत्री बने बिना भी सभी विधायक उतना ही विकास कार्य करेंगे।