दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) की दिल्ली-काठमांडू मैत्री बस फिर पुराने समय पर प्रस्थान करेगी। रात आठ बजे के बाद भारत-नेपाल सीमा को पार करने की इजाजत न मिलने की वजह से यह फैसला किया गया है।
रात आठ बजे के बाद भारत-नेपाल सीमा को पार करने की इजाजत न मिलने से दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) ने पुराने समय पर ही मैत्री बस के परिचालन का फैसला लिया है। एक महीने के ट्रायल के दौरान दिल्ली से बस का प्रस्थान समय तीन घंटे पहले करने के साथ ही मार्ग में भी बदलाव किया था।
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डीटीसी की मैत्री बस हफ्ते में तीन दिन (सोमवार, बुधवार और शुक्रवार) सुबह 10 बजे अंबेडकर स्टेडियम टर्मिनल से रवाना होती थी। 13 जून से तीन घंटे पहले सुबह सात बजे बस का प्रस्थान किया गया। मजनू का टीला के आसपास मूल रूप से नेपाल निवासी व बौद्ध समुदाय के लोग काफी संख्या में रहते हैं। ऐसे में सुबह पांच बजे बस को मजनू का टीला भेजा गया। मार्ग बदलने से यात्रा की दूरी भी 49 किमी कम हुई। दिल्ली और काठमांडू के बीच मैत्री बस करीब 1167 किमी की दूरी तय करती है और एक यात्री का किराया 2800 रुपये है। मार्ग बदलने से यात्रा की दूरी भी 49 किमी कम हो गई। समय बदलने के बाद भी यात्रियों की संख्या में बढ़ोतरी नहीं हुई। भारत-नेपाल सीमा तक पहुंचने में सड़कों पर जाम के कारण कई बार सीमा तक बस के पहुंचने में देरी हो रही थी।
जाम के कारण सीमा तक देर से पहुंच रही है बस
एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक नए रूट पर मैत्री बस दिल्ली गेट से रवाना होकर आगरा-कानपुर-लखनऊ राजमार्ग होती हुई भारत-नेपाल सीमा को पार कर काठमांडू पहुंचती है। रास्ते में सड़क पर लगने वाले जाम के कारण बस सीमा तक आठ बजे के बाद पहुंचती है। जबकि आठ बजे के बाद बस को सीमा पार करने की इजाजत नहीं मिल रही थी।