दिल्ली-एनसीआर में 24 घंटे में भूकंप के झटके लगे। भूकंप का केंद्र अफगानिस्तान में होने और तीव्रता कम होने से कोई नुकसान नहीं हुआ।
इसके साथ ही नेपाल, जयपुर और पाकिस्तान में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए। पिछले सप्ताह उत्तराखंड में भी भूकंप आ चुका है।
दिल्ली-एनसीआर पर भूकंप का खतरा लगातार बना हुआ है। भूकंप के झटके आने का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहे हें। विशेषज्ञों के अनुसार एक महीने में तीन और चार तीव्रता के तीन हजार से ज्यादा भूकंप आ चुके हैं।
रविवार रात 11: 49 पर और सोमवार सुबह सात बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए। भूगर्भ वैज्ञानिक डा. नवीन कुमार दास के अनुसार भूकंप का केंद्र अफगानिस्तान में आशकशां और हिंदूकुश की पहाड़ियों के नीचे रहा।
अब आफ्टर शाक्स (48 घंटे के अंदर फिर से आने वाला भूकंप) का खतरा मंडरा रहा है। एडवांस लर्निंग सेंटर आफ जियोलॉजी लखनऊ के विशेषज्ञों के अनुसार उत्तराखंड, नेपाल, जयपुर, दिल्ली और एनसीआर में भूकंप के कई झटके आ चुके हैं।
इससे पता चलता है कि भूगर्भ में उथल-पुथल चल रही है। अब भूकंप आने का खतरा बढ़ता जा रहा है। शहर में रविवार रात आए भूकंप से लोगों में भय व्याप्त हो गया। लोग घरों से बाहर निकल आए।
सोमवार सुबह आए भूकंप का लोगों को पता ही नहीं सका। अभी भूकंप आने की आशंका से विशेषज्ञ और लोगों में बेचैनी है।