वार्षिक परीक्षाओं से पहले दिल्ली सरकार की ओर से पानी की कमी बताकर स्कूल बंद करने के फैसले का गवर्नमेंट स्कूल टीचर्स एसोसिएशन (जीएसटीए) ने गलत फैसला बताया है।
एसोसिएशन का कहना है कि सरकार का यह फैसला समझ से परे है। क्योंकि ज्यादातर स्कूलों में बोरवेल की सुविधा है और आरओ सिस्टम लगा है, 20 फीसदी स्कूल तो ऐसे हैं जहां अभी तक जल बोर्ड का कनेक्शन भी नहीं है।
जीएसटीए अध्यक्ष अध्यक्ष सीपी सिंह के मुताबिक सरकार का परीक्षाओं से पहले स्कूल बंद करना छात्रों के हित में नहीं है। पहले सरकार बेवजह स्कूल बंद कर देती है फिर बाद में क्लासेज कम चलने का हवाला देकर शिक्षकों को नोटिस भेजती है।