प्राधिकरण ने नोएडा-ग्रेटर नोएडा मेट्रो रूट के लिए डीएमआरसी के साथ होने वाले एग्रीमेंट की नियम-शर्तें तय करने का प्रस्ताव अनुमोदित कर दिया है।
प्राधिकरण के मुताबिक अब एग्रीमेंट तैयार कर डीएमआरसी व शासन के पास भेजा जाएगा। वहां से अप्रूव्ड होने के बाद एमओयू साइन होगा।
इस रूट के मेट्रो के लिए सलाहकार और निर्माणकर्ता के रूप में प्राधिकरण ने डीएमआरसी को ही चुना है। हालांकि प्रशासनिक देखरेख के लिए नोएडा मेट्रो रेल कंपनी का गठन किया जा रहा है।
इसकी कागजी प्रक्रिया चल रही है। सिटी सेंटर से परीचौक होते हुए बोड़ाकी तक 29 किलोमीटर के इस रूट को बनाने में पांच हजार करोड़ रुपये से अधिक खर्च होगा।
इसके अलावा डेडीकेटेड अरबन ट्रांसपोर्ट फंड की नियमावली को भी प्राधिकरण बोर्ड ने अनुमोदित कर दिया है। करीब पांच सौ करोड़ रुपये से इस फंड की शुरुआत होगी।
इसके तहत मेट्रो व यातायात के अन्य संसाधनों का लाभ नोएडा-ग्रेटर नोएडा के हर व्यक्ति तक पहुंचाने में किया जाएगा। इसके अलावा स्पेशल परपज व्हीकल (एसपीवी) के नए प्रारूप को भी बोर्ड ने अनुमोदित कर दिया है।