सुप्रीम कोर्ट ने बलात्कार के आरोप में जेल में बंद वरिष्ठ पत्रकार तरुण तेजपाल को सोमवार को तीन सप्ताह के लिए अंतरिम जमानत दे दी, जिससे कि वह अपनी मां की अंत्येष्टि और बाद की रस्मों में शामिल हो सकें।
हालांकि औपचारिकताओं की वजह से काफी देरी होने से तेजपाल अपनी मां के अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हो पाए।
गौरतलब है कि तेजपाल की मां का रविवार को निधन हो गया था। वह ब्रेन ट्यूमर से पीड़ित थीं।
शाम को होनी थी अंत्येष्टि
जस्टिस बीएस चौहान व जस्टिस एके सीकरी की पीठ ने तेजपाल को अंतरिम जमानत उस समय प्रदान की, जब उनके वकील संदीप कपूर ने अदालत को सूचित किया कि उनके मुवक्किल की मां का रविवार को निधन हो गया।
उनकी अंत्येष्टि सोमवार शाम होनी थी। इससे पहले संदीप कपूर ने सुबह भी इस मामले का उल्लेख किया था, लेकिन न्यायाधीशों ने कहा था कि मामले की फाइल पर गौर करने के बाद ही आदेश दिया जा सकेगा।
पीठ ने कहा कि सोमवार को सूचीबद्ध सभी मामलों की सुनवाई के बाद चैंबर में इस याचिका पर विचार किया जाएगा।
सहयोगी के यौन उत्पीड़न का है आरोप
न्यायाधीशों ने चैंबर में दोपहर 1.50 बजे याचिका पर विचार किया। तेजपाल के वकील ने इस आदेश की जानकारी देते हुए बताया कि अदालत ने उनके मुवक्किल को तीन सप्ताह के लिए अंतरिम जमानत प्रदान कर दी है।
बता दें कि 50 वर्षीय तेजपाल के खिलाफ गत वर्ष गोवा के एक होटल में एक कार्यक्रम के दौरान अपनी कनिष्ठ सहयोगी के यौन उत्पीड़न के आरोप में पुलिस ने आरोप पत्र दाखिल किया है।
तेजपाल पर आरोप है कि उन्होंने अपनी महिला सहयोगी का सात नवंबर, 2013 को उत्पीड़न किया और अगले दिन फिर यह अपराध दोहराया। तेजपाल इस समय गोवा के वास्को शहर में सादा उपजेल में न्यायिक हिरासत में हैं।
हाईकोर्ट ने नहीं दी थी जमानत
गौरतलब है कि हाईकोर्ट से जमानत नहीं मिलने के बाद तेजपाल ने शीर्षस्थ अदालत का दरवाजा खटखटाया था।
सर्वोच्च अदालत से मां की अंत्येष्टि में शामिल होने के आधार पर तेजपाल को जमानत मिल गई। इससे पहले अदालत ने दो बार उन्हें बीमार मां से मिलने की इजाजत दी थी।