पांच महीने से हुडा कार्यालय के बाहर धरना दे रहे निकाले गए कर्मचारियों के सब्र का बांध टूट गया। वे सोमवार को कार्यालय के अंदर घुस गए और जमकर हंगामा किया।
कर्मचारी संपदा अधिकारी महाबीर प्रसाद के कार्यालय के सामने लेट गए और रास्ते को भी बंद कर दिया। इससे कार्यालय में अफरातफरी का माहौल पैदा हो गया। कर्मचारियों ने हुडा प्रशासन और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
बता दें कि ठेके पर रखे गए हुडा के सफाई कर्मचारी निकाले जाने से नाराज होकर काफी समय से हुडा कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे। लेकिन सोमवार उन्होंने हुडा कार्यालय के अंदर पहुंचकर प्रदर्शन करना शुरू कर दिया।
संपदा अधिकारी के कार्यालय की ओर जाने वाले रास्ते पर ही कुछ कर्मचारी लेट गए तो कुछ ने बैठकर नारेबाजी की। करीब आधे घंटे तक हंगामा होता रहा। मौके पर पहुंचे संपदाधिकारी महाबीर प्रसाद ने कर्मचारियों की समस्याओं का जल्द समाधान करने का भरोसा दिया है।
फिर भी कर्मचारी उनके आश्वासन से संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने कहा कि अब आंदोलन और तेज किया जाएगा। प्रदर्शन में राजकुमार, सुमित, भोम सिंह, जयपाल, अशोक, कमला सहित कई कर्मचारी शामिल थे।
340 कर्मचारियों को नौकरी से हटाया था
हुडा सफाई कर्मचारी महासंघ के महासचिव मुकेश कुमार ने बताया कि कई सेक्टर नगर निगम को ट्रांसफर कर दिए गए हैं। ऐसे में नवंबर 2016 से लगभग 340 कर्मचारियों को नौकरी से हटा दिया गया है। पिछले पांच महीने से हुडा कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे हैं। लेकिन, अभी तक उनकी मांगों पर कोई ध्यान नहीं दिया गया है। मजबूरी में उन्हें हुडा कार्यालय के अंदर आकर प्रदर्शन करना पड़ा।