उत्तरी दिल्ली नगर निगम सदन से निलंबित आप पार्षदों ने सोमवार को सदन के बाहर विरोध दर्ज कराया। 23 सितंबर को सदन की बैठक में हुए हंगामे के बाद महापौर ने उन्हें सदन से बाहर करने का आदेश देते हुए 15 दिन के लिए निलंबित कर दिया था।
सोमवार की बैठक में स्थायी समिति के अध्यक्ष ने विपक्ष को भी डेंगू-मलेरिया सहित अन्य विषयों पर चर्चा में शामिल करने की मांग की तो महापौर ने हामी भर दी। इसके बाद प्रदर्शन कर रहे पार्षदों को सदन की बैठक में बुलाया गया।
पिछली बैठक के दौरान डेंगू-मलेरिया पर चर्चा को लेकर पक्ष-विपक्ष के पार्षदों में आपस में आरोप-प्रत्यारोप के बाद हंगामा हुआ था। विपक्षी इस बात पर अड़े थे कि पहले पार्किंग के मुद्दे पर चर्चा करें। दोनों पक्षों के अड़े होने की वजह से शोर-शराबा होने लगा।
हालात बिगड़ते देख महापौर ने सुरक्षाकर्मियों को बैठक में मौजूद आप के सभी पार्षदों को बाहर करने के आदेश दिए थे। इसके बाद उन्हें निलंबित कर दिया गया था।