दिल्ली-एनसीआर में आवाजाही को लेकर सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा, कोर्ट के निर्देश पर 9 जून को दिल्ली, उत्तर प्रदेश और हरियाणा के मुख्य सचिवों की बैठक हुई। उन्होंने कहा, अब एक राज्य से दूसरे राज्यों में जाने पर रोकटोक नहीं है। हरियाणा और दिल्ली में आने-जाने पर कोई पाबंदी नहीं है।
हालांकि यूपी सरकार ने कुछ पाबंदियां लगा रखी हैं। गौरतलब है कि चार जून को सुप्रीम कोर्ट ने सुझाव दिया था कि एनसीआर के शहरों में आने-जाने के लिए ‘कॉमन पास’ होना चाहिए। सनद रहे कि यूपी सरकार ने पिछले महीने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर दिल्ली सीमा को सील करने को जायज बताते हुए कहा था कि वह दिल्ली के संक्रमण को लेने के लिए तैयार नहीं हैं।
दिल्ली में 40 गुना अधिक मरीज : यूपी
यूपी सरकार की वकील गरिमा प्रसाद ने कहा, दिल्ली में नोएडा-गाजियाबाद के मुकाबले 40 गुना अधिक मरीज हैं। नोएडा और गाजियाबाद में कोरोना से 40 मौत हुई है, वहीं दिल्ली में यह आंकड़ा 1000 के पार है। जरूरी सेवाओं से जुड़े लोग, मीडियाकर्मी और वकीलों के आने-जाने पर रोक नहीं है। ये लोग आवश्यक पास पर आ-जा सकते हैं। अब इस मामले में अगली सुनवाई 17 जून को होगी।