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सुनंदा पुष्कर मौत मामलाः सुब्रमण्यम स्वामी को केस से अलग कर सकती अदालत, 23 अगस्त को होगी सुनवाई

Thu, 26 Jul 2018 11:34 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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सुनंदा पुष्कर, शशि थरुर
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सुनंदा पुष्कर की मौत के मामले में आरोपी पूर्व केंद्रीय मंत्री व सांसद शशि थरूर ने भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी के आवेदन पर जवाब देते हुए उसे खारिज करने की मांग की है। भाजपा नेता स्वामी ने इस मामले में अभियोजन की सहायता करने की पेशकश की थी। थरूर संसद सत्र के चलते बृहस्पतिवार को कोर्ट में नहीं आ सके। मामले की सुनवाई के लिए 23 अगस्त की तारीख तय की गई है।

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पटियाला हाउस अदालत के विशेष सीबीआई जज अरविंद कुमार ने थरूर के आवेदन पर उन्हें बृहस्पतिवार को पेशी से छूट दी। अदालत ने दिल्ली पुलिस को चार्जशीट के साथ पेश किए गए दस्तावेज की कॉपी मुहैया कराने का निर्देश दिया है। थरूर की ओर से आवेदन दायर कर कहा गया कि उन्हें सभी दस्तावेज की कॉपी नहीं मिली है।

भाजपा नेता स्वामी के आवेदन पर पेश अपने जवाब में थरूर ने कहा कि स्वामी इस मामले में किसी भी तरह से पीड़ित नहीं हैं। इसके बाद भी लगातार झूठे, बदनियत व मनगढंत आरोप लगाते रहे हैं। यह आवेदन पूरी तरह बेबुनियाद है और कानून की नजर में सुनवाई योग्य नहीं है।
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थरूर के जवाब में कहा गया है कि स्वामी का धारा-302 सीआरपीसी के तहत दायर आवेदन इस कोर्ट में सुनवाई योग्य नहीं है, क्योंकि इस केस की सुनवाई सत्र अदालत में होनी है। यह कोर्ट पुलिस की चार्जशीट पर शुरुआती पड़ताल कर रही है और उसके बाद केस को सुनवाई के लिए सत्र अदालत के समक्ष भेज दिया जाएगा।

सत्र अदालत धारा-301 सीआरपीसी के तहत यह आवेदन तभी सुन सकती है, जब आवेदनकर्ता संबंधित मामले में पीड़ित है। इस मामले में भाजपा नेता स्वामी किसी भी तरह से पीड़ित नहीं हैं।

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