बिसाहड़ा और आसपास के गांवों में स्कूली बच्चों की पढ़ाई पूरी तरह से ठप पड़ी हुई है। क्षेत्र में फैले तनाव की वजह से अभिभावक बच्चों को स्कूल भेजने से परहेज कर रहे हैं। हालांकि शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मानें तो स्कूलों में शिक्षक उपस्थित हैं लेकिन बच्चे नहीं आ रहे हैं।
प्राइमरी शिक्षक संघ के अध्यक्ष मेघराज भाटी ने बताया कि बिसाहड़ा के प्राइमरी स्कूलों में घटना के दूसरे दिन से ही बच्चे स्कूल आने से परहेज कर रहे हैं। हालांकि स्कूल में शिक्षक पहुंच रहे हैं।
बिसाहड़ा के प्राइमरी स्कूल में करीब 110 बच्चे दाखिल हैं। वहीं, इनको पढ़ाने के लिए तीन शिक्षक नियुक्त हैं। इनमें से एक शिक्षक इसी गांव का है और वह शिक्षामित्र है।
दरअसल, क्षेत्र में तनाव फैलने के बाद बिसाहड़ा ही नहीं आसपास के गांवों रसूलपुर, प्यावली, ऊंचा अमीपुर, पतारपुर, पताड़ी, सलारपुर और खंगौड़ा के स्कूलों में भी बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होने की सूचना है।