यूपी सरकार के राज्यमंत्री शंकर सुहेल ने लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी की करारी हार के कारणों को उजागर किया है। उन्होंने कहा कि अगर पार्टी में गलत लोग न होते तो लोकसभा में अच्छी सीटें मिलतीं।
राज्यमंत्री सुहेल नोएडा में एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने पार्टी के माहौल और चुनावों के अलावा दूसरे मुद्दों पर भी अपनी राय दी।
उन्होंने कहा कि संस्कृत भाषा के उत्थान के लिए जरूरी है कि इसे रोजी रोटी की भाषा बनाया जाए। जल्द ही उत्तर प्रदेश पीसीएस समेत अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में संस्कृत का पेपर अनिवार्य किया जाएगा।
संस्कृत में पास होंगे तभी बनेंगे PCS
समाजवादी पार्टी के सदस्यता अभियान की औपचारिक शुरूआत कार्यक्रम पर सोमवार को राज्यमंत्री शंकर सुहेल नोएडा पहुंचे। सेक्टर-51 होशियारपुर में आयोजित कार्यक्रम में राज्यमंत्री और महानगर अध्यक्ष अनिल यादव ने सदस्यता अभियान की पर्ची काटकर शुरूआत की।
इस मौके उत्तर प्रदेश संस्कृत संस्थान के अध्यक्ष शंकर ने कहा कि पिछली सरकार ने संस्कृत भाषा के विकास और प्रसार के लिए कुछ भी नहीं किया। सपा सरकार इसके विकास के लिए कटिबद्ध है। सभी सरकारी स्कूलों में संस्कृत अध्यापकों की नियुक्तियां की जा रही हैं।
उन्होंने कहा कि पीसीएस समेत अन्य विभागों से जुड़ी भर्ती परीक्षाओं में भी संस्कृत का पेपर पास करना अनिवार्य किया जाएगा। इस दिशा में सरकार तेजी से काम कर रही है।
छोटे लोहिया की जयंती पर होगा कार्यक्रम
राज्यमंत्री ने कहा कि संस्कृत को जन-जन तक पहुंचाने के लिए वरिष्ठ समाजवादी जनेश्वर मिश्र की जयंती (5 अगस्त) से कार्यक्रम आयोजित होंगे।
इसमें इलाहाबाद में व्यास महोत्सव और लखनऊ में संस्कृत मेले का आयोजन शामिल है। वहीं, पार्टी को लोकसभा में महज पांच सीटें मिलने पर राज्यमंत्री ने कहा कि पार्टी में गलत लोगों के जुड़ने से ऐसा हुआ, हम 2017 में फिर से सरकार बनाएंगे।