नई दिल्ली। जामिया मिल्लिया इस्लामिया में छात्र संघ बहाली की मांग को लेकर चल रहा प्रदर्शन अब विश्वविद्यालय के बड़े आयोजनों पर भी असर डालने लगा है। कैंपस में सामान्य स्थिति बहाल नहीं होने और छात्रों के साथ सहमति नहीं बनने के चलते विश्वविद्यालय प्रशासन ने 29 अक्तूबर से एक नवंबर तक होने वाला तालीमी मेला रद कर दिया है। वहीं बृहस्पतिवार को जामिया लॉ फैकल्टी के छात्रों ने छात्र संघ बहाली की मांग को लेकर ब्लैक कोट मार्च निकाला।
जामिया कैंपस में छात्र 12 अक्तूबर से छात्र प्रदर्शन कर रहे हैं। छात्रों की मांगों पर चर्चा के लिए और स्थिति को सामान्य करने के लिए कुलपति ने 18 अक्तूबर को एक उच्चस्तरीय कमेटी का गठन भी किया था। समिति ने प्रदर्शनकारी छात्रों से बातचीत कर उनकी मांगें सुनी थी लेकिन सहमति नहीं बन सकी। छात्रों का कहना है कि विश्वविद्यालय में लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व और छात्र हितों की रक्षा के लिए चुना हुआ छात्र संघ जरूरी है। इसके माध्यम से छात्र अपनी समस्याएं और मांगें प्रशासन तक पहुंचा सकते हैं। ब्यूरो