- मरीजों को मोतियाबिंद, ग्लूकोमा, बच्चों की आंखों की बीमारी, आंखों के कैंसर और कॉर्निया से जुड़ी समस्याओं जैसी कई बीमारियों के लिए विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध होंगी
अमर उजाला ब्यूरो
पूर्वी दिल्ली। आंखों के इलाज के लिए अब बड़े अस्पतालों में नहीं जाना पड़ेगा। दो निजी आंखों के अस्पतालों के बीच साझेदारी हुई है। इससे मरीजों को अपने घर के नजदीक ही विशेषज्ञ डॉक्टरों और आधुनिक नेत्र उपचार की सुविधाएं मिलने का रास्ता साफ हो गया है।
दोनों संस्थानों के साथ आने से मरीजों को मोतियाबिंद, ग्लूकोमा, भेंगापन, बच्चों की आंखों की बीमारी, आंखों के कैंसर और कॉर्निया से जुड़ी समस्याओं जैसी कई बीमारियों के लिए विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध होंगी। इसके अलावा रोबोटिक मोतियाबिंद सर्जरी और स्माइल व सिल्क जैसी आधुनिक रिफ्रेक्टिव प्रक्रियाओं की सुविधा भी नेटवर्क के जरिए मरीजों तक पहुंचाई जा रही है। अस्पताल के चीफ बिजनेस ऑफिसर डॉ. आशर अग्रवाल ने कहा कि इस साझेदारी का उद्देश्य आधुनिक तकनीक और विशेषज्ञ नेत्र चिकित्सा को ज्यादा से ज्यादा मरीजों तक पहुंचाना है।