शनिवार दिन में पुलिस की टीम एक बार फिर भलस्वा डेयरी के जोहड़ पहुंची। वहां से पुलिस ने किसी युवक के शव के कुछ अवशेष बरामद किए। पुलिस सूत्रों का कहना है कि तीन हिस्सों में शव बरामद हुआ है। शव किसका इसका अभी खुलासा नहीं हो पाया है। आशंका व्यक्त की जा रही है कि अपने आकाओं के निर्देश मिलने के बाद इन लोगों ने हत्याकांड को अंजाम दिया। पुलिस दोनों से पूछताछ कर इस हत्याकांड से पर्दा उठाने की कोशिश कर रही है। पुलिस के अलावा एफएसएल की टीम ने घर से खून के सैंपल उठाए हैं। शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी भेज दिया है। पुलिस की टीमें मामले की जांच में जुटी हैं।
दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यूएपीए में गिरफ्तार दोनों संदिग्ध नौशाद और जगजीत सिंह को शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया गया था। जहां से दोनों को 14 दिन पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। इसकी जांच करते हुए शुक्रवार को टीम भलस्वा डेयरी की श्रद्धानंद कॉलोनी स्थित इनके फ्लैट पर पहुंची। वहां तलाशी लेने के दौरान टीम को दोनों हैंड ग्रेनेड मिले। हैंड ग्रेनेड कहां से आए और इनका क्या इस्तेमाल होना था। इसका पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। छानबीन के दौरान पुलिस को एक कमरे की दीवारों पर खून के धब्बे मिले। कुछ खून फर्श पर भी मौजूद था।
पूछताछ करने पर दोनों ने बताया कि इन लोगों ने एक युवक की हत्या कर उसका वीडियो बनाया था। देर रात को ही एफएसएल रोहिणी को मौके पर बुलाकर घर से सैंपल उठा लिये गए थे। शनिवार को नौशाद की निशाददेही पर पुलिस को इलाके के एक जोहड़ (तालाब) से के टुकड़े बरामद हुए हैं। सूत्रों का कहना है कि दोनों को टारगेट किलिंग के लिए तैयार किया गया था। दोनों किसकी और कहां हत्या करना चाहते थे। इसके अलावा दोनों को कौन-कौन मदद कर रहा था। इसकी पड़ताल की जा रही है। स्पेशल सेल की टीम रविवार से दिल्ली के अलावा उत्तराखंड, पंजाब और हरियाणा के अलग-अलग जगहों पर छापेमारी की तैयारी कर रही है।
कौन हैं पकड़े गए दोनों संदिग्ध...
दिल्ली पुलिस सूत्रों ने बताया कि दोनों संदिग्धों के मोबाइल से पुलिस के हाथ बहुत अहम सुराग लगे हैं। इनके मोबाइल से पूरी योजना का ब्लू प्रिटि मिला है। यह भी पता चला है कि कौन-कौन इनके टारगेट पर थे। आरोपी नौशाद हरकत-उल अंसार से जुड़ा रहा है। वह डबल मर्डर केस में उम्र कैद की सजा काट रहा था। उसे विस्फोटक अधिनियम के एक मामले में भी 10 साल की सजा हो चुकी है। फिलहाल वह जेल से बाहर था। वहीं जगजीत सिंह कुख्या बंबीहा गैंग से जुड़ा रहा है। वह हत्या के एक मामले में पैरोल पर बाहर आया हुआ है। जांच के दौरान पता चला है कि दोनों कथित रूप से खालिस्तान और पाकिस्तानी हरकत-उल-अंसार से जुड़े हुए हैं। पुलिस दोनों से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।