पुलिस के अनुसार, दादरी कोतवाली क्षेत्र के समाधिपुर गांव निवासी राजेंद्र सिंह परिवार के साथ रहते हैं और उनके तीन बेटे हैं। बड़ा बेटा धर्मेंद्र गांव से बाहर अजायबपुर रेलवे स्टेशन पर रहता है। धर्मेंद्र अपने पिता राजेंद्र सिंह पर जमीन अपने नाम कराने के लिए काफी दिन से दबाव बना रहा था। लेकिन पिता ने जमीन का बैनामा करने से मना कर दिया था। इससे नाराज होकर वह गुरुवार सुबह गांव पहुंचा और गुस्से में पिता के पास पहुंचते ही जान से मारने के लिए गोली चला दी।
गोली चली तो बचाव करते हुए गोली उनके हाथ में जाकर लगी और वह घायल हो गए। शोर मचाने पर आसपास के लोग आ गए। घटना की सूचना पुलिस को दी तो आरोपी मौके से फरार हो गया। पीड़ित पिता ने तमंचा पुलिस को दे दिया। पुलिस ने आरोपी को आसपास तलाश किया। लेकिन वह नहीं मिल सका। प्रभारी निरीक्षक उमेश बहादुर सिंह का कहना है कि आपसी जमीन के बंटवारे को लेकर विवाद चला आ रहा है। घटना की रिपोर्ट दर्ज करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
पहले भी हो चुकी हैं इस तरह की घटनाएं
करीब छह माह पूर्व दादरी की दौलत राम कॉलोनी में श्रीपाल व उनकी पत्नी से उनके ही बेटों ने मकान का बैनामा अपने नाम कराने के लिए मारपीट की थी। बैनामा न करने पर घर से निकाल दिया था। माता-पिता ने रात घर से बाहर बिताई थी। इस मामले की शिकायत भी पुलिस से की गई थी। इसी तरह तुलसी विहार कॉलोनी में दो बेटों ने मां के साथ मारपीट कर घर से निकाल दिया था। करीब 4 माह पूर्व गांव चिटहेरा में मां के साथ बेटा ने मारपीट कर घायल कर दिया गया था।