दिल्ली/एनसीआर की आबोहवा अभी तक की सबसे खराब स्थिति में है। प्रदूषण की लगातार खराब होती स्थिति पर विचार करने के लिए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने रविवार को दोपहर 12.30 बजे कैबिनेट की मीटिंग बुलाई है। इस बीच रविवार को भी पूरे एनसीआर में वायु प्रदूषण खतरनाक स्तर पर बना हुआ है।
शनिवार को भी दिन भर स्मॉग की चादर दिल्ली-एनसीआर में पसरी रही और लोगों ने सांस लेने में दिक्कत व आंखों में जलन की शिकायत की। दिन भर स्मॉग की चादर दिल्ली-एनसीआर में पसरी रही और लोगों ने सांस लेने में दिक्कत व आंखों में जलन की शिकायत की।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के मुताबिक, पूरे देश में फरीदाबाद के बाद दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स पांच सौ के करीब पहुंच गया तो सिस्टम ऑफ एयर क्वालिटी एंड वेदर फॉरकास्टिंग एंडी रिसर्च (सफर) का पैमाना 500 (+) के कांटे पर पहुंचकर सीवीयर कंडिशन बताकर रूका हुआ है।
यही स्थिति गुरुग्राम व आगरा की थी। यहां का एयर क्वालिटी इंडेक्स 419 व 404 रहा। तीन नवंबर को सेंटर फॉर साइंस एंड एनवायरनमेंट (सीएसई) ने दावा किया था कि पिछले 17 सालों में पहली बार दिल्ली इतनी बुरी तरह स्मॉग की चपेट में हैं।
उपराज्यापाल ने बुलाई आपात बैठक
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इस तरह से पिछले 17 साल का वायु प्रदूषण का रिकॉर्ड तो आज टूटा ही लेकिन यह रिकॉर्ड इससे ज्यादा वर्षों का टूटा या नहीं, इसको लेकर पर्यावरण से जुड़े संस्थानों ने कोई दावा नहीं किया है।
प्रदूषण की सीवीयर स्थिति को देखते हुए उपराज्यापाल ने जहां आपात बैठक बुलाई है वहीं मुख्यमंत्री केजरीवाल ने केंद्रीय पर्यावरण मंत्री से मुलाकात की। मुख्यमंत्री का दावा है कि दिल्ली का प्रदूषण पड़ोसी राज्यों की वजह से लेकिन ऐसा मतलब नहीं है कि हम कुछ नहीं करेंगे।
एनडीएमसी के करीब 1500 से अधिक स्कूलों की राजधानी में आज छुट्टी रही जबकि सरकारी स्कूलों में उपस्थिति कम रही। निजी स्कूलों की जारी की गई गाइडलाइन के अनुसार अधिकांश स्कूलों में बच्चे मास्क पहनकर आए जबकि कुछ ने आज छुट्टी भी रखी। प्रदूषण के इस स्तर को देखते हुए सरकार सोमवार को स्कूलों में छुट्टी करने का निर्णय ले सकती है।
एम 2.5 का सीधा असर फेफड़े पर पड़ता है
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सीपीसीबी की माने तो शनिवार धूल की कणों (पीएम 2.5 व 10) का स्तर बेहद ही खतरनाक स्थिति में था। यह बारीक धूलकण बेदह खतरनाक स्तर तक पहुंच गए है। पीएम 2.5 का सीधा असर फेफड़े पर पड़ता है, जो श्वशनतंत्र पर बुरा असर डालता है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) की तरफ से जारी एयर क्वालिटी इंडेक्स में फरीदाबाद की आबोहवा सबसे खराब स्थिति में रही। शहर का सूचकांक 493 था। एक दिन पहले यानी शुक्रवार की बात करें तो एयर क्वालिटी इंडेक्स दिल्ली का 372 था जो बढ़कर 485 हो गया है तो फरीदाबाद का 453 से बढ़कर 493 पहुंच गया है और गुरुग्राम का सूचकांक 263 से बढ़कर 419 पहुंच गया है।
सीपीसीबी की साइट पर लाल रंग से इस पैमाने को सीवीयर बताया जा रहा है। इस सीजन में सबसे खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है वायु प्रदूषण। सफर के फॉरकास्ट की माने तो आने वाले तीन दिनों में स्थिति थोड़ी बेहतर होगी लेकिन सीवीयर यानी खतरनाक स्तर पर ही रहेगी।
सीपीसीपी का एयर क्वालिटी इंडेक्स: कितना बढ़ा
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बृहस्पतिवार-दिल्ली-432। फरीदाबाद-427। गुरुग्राम-454
शुक्रवार-दिल्ली-372। फरीदाबाद-453। गुरुग्राम-263
शनिवार-दिल्ली-485। फरीदाबाद-493। गुरुग्राम-419
सफर का अनुमान है कि रविवार को एयर क्वालिटी इंडेक्स दिल्ली, फरीदाबाद व गुरुग्राम का ज्यादा रहेगा।