स्मार्ट सिटी की दौड़ में शामिल आद्योगिक नगरी में हुडा के इलाके में जलने वाली स्ट्रीट लाइटें स्मार्ट बनाई जाएंगी। अंधेरा होते ही यह लाइटें जल उठेंगी और सूरज निकलने के साथ ही बुझेंगी। हुडा स्ट्रीट लाइटों को इंटरनेट आधारित नेटवर्क से जोड़ने की तैयारी कर रहा है।
स्ट्रीट लाइटों के दिन में जलने और रात में बुझे रहने की शिकायतें आम हैं। इससे एक ओर तो बिजली बर्बाद होती है और जहां जरूरत होती हैं वहां उपलब्ध नहीं होती।
इस समस्या से निपटने के लिए हुडा ने स्ट्रीट लाइट को नेटवर्क से जोड़ने की कवायद शुरू कर दी है। इंटरनेट के जरिए सभी स्ट्रीट लाइटें हुडा कार्यालय से जोड़ी जाएंगी।
रात के समय जो स्ट्रीट बंद होगी इसकी जानकारी कार्यालय में ही मिल जाएगी। दूसरी तरफ दिन में जलने वाली लाइटों की भी जानकारी मिलेगी। स्ट्रीट लाइट के जलने या बुझे होने की ऑनलाइन जानकारी आते ही उसे फौरन दुरुस्त कराया जा सकेगी।
इसकी शुरुआत हुडा सेक्टर 12 और बाईपास रोड की स्ट्रीट लाइट को नेटवर्क से जोड़ने के साथ करेगी। हुडा सूत्रों के मुताबिक अगले सप्ताह से सेक्टर 12-15 डिवाइडिंग रोड की स्ट्रीट लाइटों को इंटरनेट से जोड़ने का काम शुरू कर दिया जाएगा।
इस काम पर लगभग 40 लाख रुपये खर्च होंगे। बाईपास रोड पर कई जगहों पर बिजली के मीटर खराब हैं, जिनकी वजह से अभी तक यह काम शुरू नहीं हो पाया है। अब हूडा अगले सप्ताह से इस काम को शुरू करने जा रहा है।
हूडा ईएक्सईएन अश्विनी गौड़ ने बताया कि स्ट्रीट लाइटों को नेटवर्क से जोड़ने का काम सौंपा गया है। शुरुआत में सेक्टर 12-15 डिवाइडिंग रोड की लाइटों को इंटरनेट से जोड़ा जाएगा इसके बाद बाईपास रोड की स्ट्रीट लाइटों का काम शुरू किया जाएगा।