भाजपा के सिपहसालार अरुण जेटली की चुनावी गोटी सिख दंगे की बिसात पर फिट करने की कवायद में अकाली जुट गए हैं।
अमृतसर लोकसभा सीट से मैदान में उतरे कांग्रेस के अमरिंदर सिंह ने उन्हें इसका मौका भी दे दिया। जगदीश टाइटलर को सिख दंगा मामले में बेकसूर होने के अमरिंदर सिंह के बयान पर अकाली दल विरोध में उतर आया है।
उसने न सिर्फ दिल्ली में मोर्चा खोला हुआ है, बल्कि वह दंगा पीड़ितों को अमृतसर भेजने की भी तैयारी में है। इस बहाने अकाली दल की कोशिश सिख वोटरों को अपने पक्ष में करने की है।
कांग्रेस को कठघरे में लाने की कोशिश
अमृतसर लोकसभा क्षेत्र सीट से भाजपा के अरुण जेटली मैदान में हैं। यहां से जेटली को जीत दिलाना अकालियों के लिए नाक का सवाल बना हुआ है। ताजा विवाद से अकालियों को बड़ा मौका हाथ लग गया है।
दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी जहां इसकी शिकायत चुनाव आयोग से करने की तैयारी में है, वहीं वह दंगा पीड़ितों से अमृतसर में विरोध प्रदर्शन कराने और कांग्रेस के प्रत्याशी को कठघरे में खड़े करने की कोशिश में है।
पीड़ित अमृतसर में प्रदर्शन करके वहां के मतदाताओं को 30 वर्ष से न्याय नहीं मिलने का दर्द बताएंगे। अमृतसर में लोगों को बताया जाएगा कि कांग्रेस में रहकर अमरिंदर सिंह ने सिखों के हित के लिए कोई काम नहीं किया।
कांग्रेस के खिलाफ चलेगी मुहिम
दिल्ली शिरोमणि अकाली दल (बादल) के प्रधान व दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के अध्यक्ष मनजीत सिंह जीके ने बताया कि अकाली दल चुनाव आयोग और श्री अकाल तख्त साहिब से शिकायत भी दर्ज कराएगा।
उन्होंने जगदीश टाइटलर को क्लीन चिट देने के बयान को न्यायपालिका पर दबाव बनाने का प्रयास भी बताया। उन्होंने कहा कि दंगा पीड़ित अमृतसर पहुंचकर कांग्रेस के खिलाफ मुहिम चलाएंगे।