फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इशरत जहां केस : दस्तावेज गायब होने पर मामला दर्ज, फिर होगा राजनीतिक टकराव

Mon, 26 Sep 2016 12:07 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
इशरत जहां - फोटो : pti
विज्ञापन
इशरत जहां एनकाउंटर मामले की फाइल से अहम दस्तावेज गायब होने के मामले में गृहमंत्रालय के अधिकारियों की शिकायत पर दिल्ली के संसद मार्ग थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है। 
विज्ञापन


आईपीसी की धारा-409 के तहत दर्ज एफआईआर के बाद वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मामले की छानबीन शुरू कर दी है। पुलिस जांच करेगी कि मामले में जुड़े दस्तावेज कब, कैसे और किन हालात में गायब हो गए।

यूपीए-2 के कार्यकाल में हुए विवादित एनकाउंटर के बाद खूब राजनीतिक घमासान हुआ था। इशरत जहां की मां ने एनकाउंटर को फर्जी बताते हुए उसकी जांच सीबीआई से कराने और मुआवजे की मांग की थी। 
विज्ञापन


मामले में केस दर्ज होने के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच टकराव के आसार बढ़ गए हैं। माना जा रहा है कि अब दिल्ली पुलिस उस समय गृहमंत्रालय में तैनात रहे अधिकारियों से पूछताछ कर सकती है। 
Trending Videos
विज्ञापन

जांच से जुड़ी फाइल से पांच बेहद महत्वपूर्ण दस्तावेज हैं गायब

15 जून 2004 को अहमदाबाद में गुजरात पुलिस ने इशरत जहां और उसके तीन साथी जावेद शेख, अमजद अली और जिशान जोहर को आतंकी बताकर मुठभेड़ के बाद मार गिराया था। इसके बाद इशरत की मां शमीमा कौसर ने मुठभेड़ को फर्जी बताकर हाईकोर्ट में अर्जी लगा सीबीआई से पूरे मामले की जांच कराने और मुआवजे की मांग की थी। 

मार्च 2016 में मिली थी जानकारी
मामले की सुनवाई के दौरान भारत सरकार की ओर से गृह मंत्रालय के जरिये अगस्त और सितंबर 2009 में दो हलफनामे दायर किए गए थे। मामले की जांच के दौरान इसी साल मार्च में पता चला कि इशरत जहां एनकाउंटर मामले की जांच से जुड़ी फाइल से पांच बेहद महत्वपूर्ण दस्तावेज गायब हैं। 

पेपर गायब होने की सूचना मिलते ही हड़कंप मच गया। अतिरिक्त सचिव के नेतृत्व में एक टीम का गठन कर मामले की जांच के आदेश दिए गए। 15 जून को अतिरिक्त सचिव की रिपोर्ट के बाद मामले में एफआईआर दर्ज करने की सिफारिश की गई। गृह मंत्रालय के अपर सचिव वी.के उपाध्याय की शिकायत पर 22 सितंबर को मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें