ऑनलाइन कंपनियों का विरोध अब सड़कों पर आ गया है। शुक्रवार को कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स से जुड़े व्यापारी सड़क पर उतर आए।
व्यापारियों ने जीटी रोड स्थित शिवा टावर के सामने धरना प्रदर्शन किया और डीएम के माध्यम से एक ज्ञापन केंद्रीय वाणिज्य मंत्री को भेजा। उधर ऑनलाइन कंपनियाें के खिलाफ उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल ने भी रणनीति तय की है।
इसमें यूपी के सभी जिला मुख्यालयों पर धरना दिया जाने और प्रस्ताव बनाकर सीएम के माध्यम से केंद्र सरकार पर दबाव बनाने की बात कही है।
बाजार में ऑनलाइन कंपनियाें के व्यापार करने के तरीकों के खिलाफ माहौल बनने लगा है। शुरुआत कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स ने की है। कन्फेडरेशन की जिला इकाई ने शिवा टावर के सामने जोरदार प्रदर्शन किया।
इस दौरान पदाधिकारियों ने मार्केट में आने वाले ग्राहकों को भी ऑनलाइन कंपनियों के मंसूबे और इनसे खरीदारी करने पर होने वाले नुकसान को बताया। कंप्यूटर विक्रेताओं ने भी इस धरने को अपना समर्थन दिया।
व्यापारियों का कहना था कि व्यापारी सभी टैक्स अदा कर उत्पाद को बेचते हैं। इसलिए वह ऑनलाइन कंपनियाें के सामने टिक नहीं सकते।
ऑनलाइन कंपनियां लागत से भी कम मूल्य पर सामान बेचकर रिटेल व्यापार पर कब्जा जमाना चाहती हैं। व्यापारियों का धरना चार घंटे से ज्यादा समय तक चला।
ऑनलाइन रिटेल से व्यापारियों का हुआ है नुकसान
कन्फेडरेशन की जिला इकाई के महामंत्री केके सिंघल ने बताया कि ऑनलाइन रिटेल व्यापार से व्यापारियों का बहुत नुकसान हुआ है। इसलिए कन्फेडरेशन ने अपने मांग पत्र तैयार किया है।
मांग केंद्रीय वाणिज्य मंत्री का भेजा जाएगा। धरने में जिला इकाई के अध्यक्ष तिलक राज अरोड़ा, अशोक जिंदल, राजीव अग्रवाल, अशोक शर्मा, प्रवीन गुप्त, राजीव गुप्ता आदि मौजूद थे।
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष गोपीचंद के मुताबिक इन कंपनियाें के विरोध में जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन किया जाएगा। मंडल के अध्यक्ष बनवारी लाल कंछल प्रतिनिधियाें के साथ मुख्यमंत्री से मिलेंगे व कंपनियों पर अंकुश लगाने के लिए केंद्र सरकार पर दबाव बनाने की मांग करेंगे।