मृतक को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने वाहन को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। नाबालिग चालक को हिरासत में लेकर जुवेनाइल जस्टिस एक्ट के तहत कार्रवाई की जा रही है।
आरोपी के पिता ने मानी गलती, मांगी माफी
घटना के बाद आरोपी के पिता ने कहा कि यह मेरे बेटे की गलती है और मैं इसके लिए माफी मांगता हूं। जो भी कानूनी प्रक्रिया होगी, हम उसका पालन करेंगे। मुझे जो भी जानकारी मिली, वह पुलिस से ही मिली। हादसे के समय कार में मेरा बेटा और बेटी दोनों थे। उन्होंने बताया कि वे एक कमर्शियल वाहन व्यवसाय चलाते हैं और संबंधित एसयूवी उनके कारोबार में इस्तेमाल होती है। वाहन पर जो चालान दर्ज हैं, वे ड्राइवरों की वजह से हैं, न कि उनके बेटे की वजह से।
पीड़ित परिवार के लिए भी गहरा दुख
पिता ने कहा कि यह बेहद दुखद घटना है। मेरा बेटा बहुत परेशान है। उस परिवार के लिए भी और हमारे परिवार के लिए भी गहरा दुख है। हमने पुलिस के साथ पूरा सहयोग किया है। पुलिस ने जो दस्तावेज मांगे, हमने उपलब्ध कराए। मुझे इस बात की जानकारी नहीं थी कि मेरी बेटी कोई रील बना रही थी। वह रील नहीं, बल्कि एक छोटा वीडियो था।
जांच जारी
पुलिस सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर मामले की जांच कर रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि नाबालिग को वाहन कैसे सौंपा गया और अभिभावक की क्या जिम्मेदारी बनती है। हादसे के बाद क्षेत्र में सड़क सुरक्षा और नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने के मुद्दे पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं।