पुलिस के मुताबिक, मूलरूप से पश्चिम बंगाल के हेमताबाद का रहने वाला अब्दुल रब्बानी अपने दोस्तों के साथ कृष्णा नगर के कांति नगर में रहता था। इसका परिवार पश्चिम बंगाल में रहता है। इसके परिवार में पिता नियाज आलम, मां राबिया, एक भाई कौसर व अन्य सदस्य हैं। पिछले करीब सात साल से अब्दुल रब्बानी कृष्णा नगर में रहकर सिलाई का काम करता था।
चाचा मेहताब ने बताया कि रब्बानी के साथ चार अन्य युवक रहते थे। इनमें एक युवक रमजान भी शामिल है। वह भी सिलाई का काम करता है। शनिवार पूरी रात और रविवार आधा दिन उसने फैक्टरी में काम किया। दोपहर के समय रमजान कमरे में पहुंचा तो उसने कमरे से खून बहता हुआ देखा।
दरवाजा खोलते ही अंदर रब्बानी का शव जमीन पर पड़ा हुआ था। फौरन उसने पुलिस और रब्बानी के परिवार को खबर दी। मौके पर पुलिस पहुंची। छानबीन के दौरान रमजान ने बताया कि एक सप्ताह पहले रब्बानी का कमरे पर रहने वाले तीन लड़कों से झगड़ा हुआ था। इसके बाद तीनों लड़के कमरा खाली करके चले गए थे।
रमजान ने आशंका जाहिर की है कि उन लड़कों ने ही वारदात को अंजाम दिया है। पुलिस ने रमजान के बयान पर मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। सीसीटीवी कैमरों से पुलिस को कुछ अहम सुराग मिले हैं। उसके आधार पर आरोपियों की तलाश की जा रही है। पुलिस रब्बानी की कॉल डिटेल भी निकलवा रही है।