थाना कुढ़फतेहगढ़ क्षेत्र के गांव छाबड़ा निवासी प्रमोद पुताई का काम करता है और आंवला काम पर गया हुआ था। मंगलवार की दोपहर करीब डेढ़ बजे प्रमोद की पत्नी कांति, बेटी संध्या, बेटा छोटू, भतीजा रवि बैठे थे। मकान पर गार्डर के स्लैब और मिट्टी डालकर छत बना रखी थी। बारिश के दौरान अचानक छत गई।
हादसे में मलबे के नीचे कांति देवी और उसकी बेटी संध्या दब गई। बेटा छोटू व भतीजा रवि बच गए। रवि के शोर मचाने और छत गिरने की आवाज होने पर आसपास के लोग दौड़कर पहुंच गए। मलबा हटाकर किसी तरह लोगों ने मां-बेटी को बाहर निकाला गया। आनन फानन में मां बेटी को उपचार के लिए सीएचसी लेकर गए। वहां चिकित्सकों ने संध्या को मृत घोषित कर दिया। कांति देवी को प्राथमिक उपचार के बाद हायर सेंटर रेफर कर दिया।
छत गिरने से हादसे की सूचना पर हलका लेखपाल प्रशांत और जितेंद्र भी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने घटना की पूरी जानकारी ली और रिपोर्ट तहसील प्रशासन को भेजने की बात कही है।