आरएमएल के डॉक्टरों ने प्रधानमंत्री राहत कोष में दान के लिए एक दिन का वेतन काटे जाने के आदेश का विरोध किया है। अस्पताल के रेजिडेंट डॉक्टर एसोसिएशन (आरडीए) का कहना है कि डॉक्टर पहले से ही अपनी जान की परवाह न करते हुए कोरोना वायरस से जूझ रहे हैं। ऐसे में स्वास्थ्य कर्मचारियों को अतिरिक्त वेतन मिलने की जगह उनका वेतन काटना शोभनीय नहीं है।
आरडीए उपाध्यक्ष निर्मल महापात्रा ने आरएमएल की चिकित्सा अधीक्षक को पत्र में लिखा है कि पीएम मोदी देश के स्वास्थ्य कर्मचारियों को योद्धा कह रहे हैं लेकिन अस्पताल प्रबंधन इन्हें आर्थिक रुप चोट पहुंचाने में लगा है। ये गलत है। हालांकि बृहस्पतिवार देर शाम तक अस्पताल प्रबंधन ने इस पत्र पर कोई जवाब नहीं दिया।
एनडीएमसी कर्मियों के लिए डीटीसी बसों की सुविधा 14 तक
वहीं लॉकडाउन के दौरान जरूरी सेवाओं में जुटे एनडीएमसी कर्मियों के लिए डीटीसी बसों की सुविधा 14 अप्रैल तक मुहैया होगी। कर्मचारियों को उनके निवास से कार्यालय और कार्यालय से निवास तक पहुंचाने के उद्देश्य से ट्रायल पर दो दिन के लिए बस सेवा शुरू की गई थी। कर्मियों को ड्यूटी पर पहुंचाने के लिए छह बसें उपलब्ध करवाई गई हैं। पहले सात बसें मुहैया कराई गई थीं, लेकिन एक रूट पर कर्मियों की संख्या कम होने की वजह से अब छह बसें सेवाएं देंगी।