लाल किला के पास हुए शक्तिशाली विस्फोट के क्षण को कैद करने वाला एक सीसीटीवी फुटेज सामने आया है। चौराहे पर लगे निगरानी कैमरे में रिकॉर्ड हुए दृश्य में, स्क्रीन पर अचानक आग का गोला बनने से पूर्व वाहनों की भारी भीड़ नजर आई। इसके अलावा भी कई सीसीटीवी फुटेज पुलिस और खुफिया एजेंसियों के हाथ लगे हैं, जिनसे अहम सुराग हैं।
डॉ. परवेज पर गहराता जा रहा शक मुजम्मिल, शाहीन के संपर्क में था
दिल्ली में आतंकी हमले और फरीदाबाद के डॉक्टरों के आतंकी माड्यूल की कड़ियों को जोड़ रही जम्मू-कश्मीर पुलिस द्वारा हिरासत में लिए गए राजधानी निवासी डॉ. परवेज अंसारी पर शक गहराता जा रहा है। जम्मू-कश्मीर पुलिस उसे फरीदाबाद ले गई है, जहां तमाम एजेंसियां उससे पूछताछ कर रही हैं। शुरुआती पड़ताल में उसके बेहद कट्टरपंथी होने के सुराग मिले हैं, लेकिन फरीदाबाद माड्यूल में उसकी संलिप्तता का ठोस सुराग नहीं लगा है। जांच एजेंसियां उसके घर से बरामद मोबाइल, टैबलेट, लैपटॉप और हार्ड डिस्क को खंगालने में जुटी हैं।
आईएस के निशाने पर यूपी, जिहाद के लिए कर रहा युवाओं की भर्ती
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की गिरफ्त में आए भोपाल निवासी अदनान खां और एटा निवासी अदनान खां से एटीएस की पूछताछ में कई अहम खुलासे हो रहे हैं। जांच में सामने आया है कि दोनों कुख्यात आतंकी संगठन आईएस के इशारे पर यूपी के धार्मिक स्थलों को निशाना बनाने की फिराक में थे। आईजी कानून-व्यवस्था एलआर कुमार ने बताया कि एटीएस की टीम दोनों से पूछताछ कर रही है। दरअसल, दिल्ली पुलिस बीते कई दिनों से भोपाल निवासी अदनान पर नजर रख रही थी। उसे यूपी एटीएस ने बीते वर्ष वाराणसी के ज्ञानवापी परिसर का सर्वे करने वाले जज रवि कुमार दिवाकर को धमकी देने के आरोप में गिरफ्तार किया था। पांच माह बाद जेल से छूटने के बाद उसने सीरिया में बैठे आईएस के खलीफा अबू इब्राहिम अल कुरैशी के इशारे पर सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट डालने लगा और मुसलमानों पर अत्याचार होने का दुष्प्रचार कर जिहादी गतिविधियों के लिए युवाओं को भर्ती करने लगा।
सहारनपुर में पनपता रहा जैश का माड्यूल, नहीं लगी किसी को भनक
सहारनपुर में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद का माड्यूल पनपता गया और सुरक्षा एजेंसियों को इसकी भनक तक नहीं लगी। सहारनपुर के एक अस्पताल में नौकरी करने वाले डॉ. आदिल की गिरफ्तारी ने यूपी एटीएस और केंद्रीय एजेंसियों को चौकन्ना होने पर मजबूर कर दिया है। खासकर आदिल के जैश-ए-मोहम्मद के टॉप कमांडर्स से सीधा संपर्क होने की वजह से एजेंसियों की चिंता बढ़ गई है। बता दें कि आतंकवाद को लेकर सहारनपुर संवेदनशील जिलों में शुमार किया जाता रहा है, हालांकि इसमें डॉक्टरों के नेटवर्क के शामिल होने का किसी को अंदाजा तक नहीं था। दिल्ली में आतंकी घटना अंजाम दिए जाने के बाद एजेंसियों ने सहारनपुर और लखनऊ में छापे मारकर संदिग्धों से पूछताछ शुरू कर दी। अति संवेदनशील मामला होने की वजह से केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधिकारी तीनों राज्यों जम्मू-कश्मीर, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के पुलिस अधिकारियों के संपर्क में हैं, सूचनाएं जुटा रहे हैं।