बीके अस्पताल के डॉक्टरों की लापरवाही का खामियाजा एक दुष्कर्म पीड़िता को भुगतना पड़ा। पीड़िता को इलाज के लिए शनिवार देर रात दिल्ली रेफर किया गया।
लेकिन अस्पताल ने उसके साथ जरूरी कागजात नहीं भेजे। जिस कारण उसे रात भर भटकना पड़ा। रविवार सुबह सीडब्ल्यूसी के हस्तक्षेप के बाद बीके अस्पताल ने कागज दिए। जिसके बाद पीड़िता को इलाज के लिए दोबारा रेफर किया गया।
जानकारी अनुसार थाना सराय ख्वाजा क्षेत्र से एक 13 साल की दुष्कर्म पीड़िता को इलाज के लिए नौ सितंबर को लाया गया था। यहां जांच के बाद पता चला कि पीड़िता गर्भवती है। इसके साथ ही डॉक्टरों ने यह भी पुष्टि की कि किशोरी मानसिक रूप से बीमार है।
शनिवार देर रात उसे बीके अस्पताल से गर्भपात के लिए दिल्ली रेफर किया गया। लेकिन अस्पताल स्टॉफ ने किशोरी को सिर्फ रेफर स्लिप देकर दिल्ली भेज दिया। उसे एमएलसी और अन्य जरूरी कागजात नहीं दिए गए।
जिस कारण पीड़िता को रात भर अस्पताल परिसर में बैठ कर गुजारनी पड़ी। रविवार सुबह मामले की जानकारी सीडब्ल्यूसी को दी गई। जिसके बाद औपचारिक प्रक्रिया को पूरा कर पीड़िता को दिल्ली भेजा गया।