कोहरे का असर दिखाना शुरू हो गया है। सोमवार को घने कोहरे के कारण राजधानी समेत सभी एक्सप्रेस एवं शटल गाडिय़ां बैलगाड़ी बन गई। शटल गाडिय़ां देरी से चलने के कारण दैनिक यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
पलवल से फरीदाबाद के करीब 50 हजार से अधिक यात्री बुरी तरह से प्रभावित हुए। कोहरे के चलते अधिकांश लोग समय पर दफ्तर नहीं पहुंच पाए। सोमवार को बल्लभगढ़ से लेकर होडल तक इस कदर कोहरा छाया हुआ था कि लोको पायलट को 50 मीटर सामने देखना मुश्किल हो रहा था। लोकल और एक्सप्रेस गाडिय़ां रेंगकर चल रही थी।
सुबह के वक्त पलवल से दिल्ली की ओर जाने वाली शटल गाडिय़ों को पटाखे के सहारे चलाया गया। दैनिक यात्रियों की परेशानी आगे और बढने वाली है।
कोहरे का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि पलवल से असावटी की दूरी सात मिनट में तय करने के बजाय 35 से 40 मिनट तक लग रहे थे।यानि लोको पायलट को 20-25 किमी की रफ्तार से ट्रेन चलानी पड़ रही थी। कोहरे के कारण मुंबई-दिल्ली राजधानी को पलवल स्टेशन पर रोककर निकालना पड़ा।